31 दिसंबर तक 775 विद्यालयों को बनाया जाना है निपुण
डीएलएड प्रशिक्षुओं के साथ ही एआरपी और संकुल शिक्षकों को सौपी गई है जिम्मेदारी
संवाद न्यूज एजेंसी
सेमरियावां। शिक्षण कार्य की गुणवत्ता के आकलन के लिए एआरपी व संकुल शिक्षकों की ओर से चयनित स्कूलों का सर्वे 28 नवंबर से शुरू होगा।
जिले में एआरपी (एकेडमिक रिसोर्स पर्सन) व संकुल शिक्षकों की ओर से 775 विद्यालयों को 31 दिसंबर तक निपुण घोषित किया जाना है। अब तक कक्षा एक से तीन के बच्चों ने कितना सीखा है, इसका सर्वे डीएलएड के प्रशिुक्षओं की ओर से निपुण एप के माध्यम से किया जाना है।
डायट प्राचार्य धीरेंद्र त्रिपठी ने बताया कि 31 दिसंबर तक विद्यालय निपुण घोषित किए जाने हैं। 775 परिषदीय विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता पर शासन का काफी जोर है। इसके लिए उपस्थिति बढ़ाने पर ध्यान दिया जा रहा है। शिक्षक भी शत प्रतिशत विद्यालय पहुंचे इसके लिए उनके ऑनलाइन उपस्थिति का आदेश भी जारी किया गया है। साथ ही परिषदीय विद्यालयों में छात्रों को निपुण बनाने पर भी ध्यान दिया जा रहा है। इसके लिए एआरपी व संकुल शिक्षकों द्वारा गोल दिए गए 775 विद्यालयों में कक्षा एक से तीन में पढ़ रहे बच्चों की बौद्धिक क्षमता का निपुण एप के माध्यम से मूल्यांकन किया जाएगा। ताकि इन विद्यालयों को 31 दिसंबर तक निपुण घोषित किया जा सके। कक्षा तीन तक के नौनिहालों की बौद्धिक क्षमता के मूल्यांकन के लिए डायट की ओर से 71 टीमें बनाई गई हैं। डायट प्रवक्ताओं को क्षेत्र में सर्वे के सुपरविजन की जिम्मेदारी दी गई है। सर्वे के लिए 71 टीम में डीएलएड प्रशिक्षुओं को लगाया गया है। उन्होंने बताया कि 28 नवंबर से सर्वे कार्य होगा। इसे 12 दिसंबर तक पूरा करना होगा।