फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

लेखपाल संघ के जिलाध्यक्ष समेत दस निलंबित

विज्ञापन
विज्ञापन
लेखपाल संघ के जिलाध्यक्ष समेत दस निलंबित
विज्ञापन

- जनपद में 350 लेखपालों में से 328 लेखपाल हड़ताल पर
- रोक के बावजूद आंदोलित रहने पर प्रशासन ने अपनाया सख्त कदम
अमर उजाला ब्यूरो
संतकबीरनगर। अपनी मांगों को लेकर लेखपाल संघ बुधवार को भी अनिश्चित कालीन हड़ताल पर रहा। इधर प्रशासन ने कड़ा रुख अख्तियार करते हुए लेखपाल संघ के जिलाध्यक्ष समेत दस लेखपालों को निलंबित कर दिया है। लेखपाल अगर आंदोलित रहे तो प्रशासन आगे अभी और लोगों पर कार्रवाई करने की तैयारी बना रहा है।
विज्ञापन

एडीएम रणविजय सिंह ने बताया कि जनपद के तीनों तहसीलों में कुल 350 लेखपाल कार्यरत है। जिसमें खलीलाबाद में 142, मेंहदावल में 103 और धनघटा तहसील में 105 लेखपाल तैनात है। जिसमें खलीलाबाद में दो लेखपाल मातृत्व अवकाश पर है और एक लेखपाल अवैतनिक अवकाश पर है। जबकि मेंहदावल में 16 लेखपाल हड़ताल पर नहीं है। इसी तरह धनघटा में एक लेखपाल हड़ताल पर नहीं है और एक लेखपाल अवैतनिक अवकाश पर है। जबकि खलीलाबाद में 139, मेंहदावल में 87 और धनघटा में 102 लेखपाल हड़ताल पर है। इस तरह 328 लेखपाल हड़ताल पर है। हड़ताल में शामिल 93 .71 प्रतिशत लेखपालों के खिलाफ नो वर्क नो पे के आधार पर ब्रेक इन सर्विस की कार्रवाई की गई है। एडीएम ने बताया कि संघ के जिलाध्यक्ष बुद्घिराम चौधरी समेत दस लेखपाल निलंबित कर दिए गए है। निलंबित लेखपालों में जनपदीय अध्यक्ष, महामंत्री, तहसील अध्यक्ष और महामंत्री समेत अन्य शामिल है। खलीलाबाद में चार लेखपाल, मेंहदावल में दो लेखपाल और धनघटा में चार लेखपाल निलंबित हुए है। एडीएम ने बताया कि यदि रोक के बावजूद लेखपाल धरनारत रहेंगे तो आगे भी कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें