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Sambhal News: कच्चे मकान की दीवार गिरी, मलबे में दबकर बालक की मौत

Sat, 02 Mar 2024 01:25 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, संभल
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जुनावई (संभल)। क्षेत्र के गांव बघोई निवासी सुखराम उर्फ सूखे मौर्य के कच्चे मकान की दीवार गिर गई। दीवार के मलबे में घर पर खाना खा रहा उनका 12 वर्षीय बेटे धर्मेंद्र दब गया। सूचना पर खेत से घर पहुंचे परिजनों ने मलबा हटाकर धर्मेंद्र को बाहर निकाला, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी।
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जुनावई थाना क्षेत्र के गांव बघोई निवासी सुखराम के परिवार में पत्नी जयवंती के अलावा चार बच्चे हैं। वह मजदूरी कर परिवार का पालन पोषण करता है। शुकवार की दोपहर वह परिवार के साथ खेत पर निराई कर रहा था। उसका तीसरे नंबर का बेटा धर्मेंद्र घर पर खाना खा रहा था। इसी दौरान कच्चे मकान की दीवार भरभराकर गिर गई। जिससे सुखराम का बेटा धर्मेंद्र दीवार के मलबे में दब गया। दीवार गिरने की आवाज जब पड़ोस में रह रहे सुखराम के भाई राकेश ने सुनी तो वह मौके पर पहुंचे। वहां उन्हें किसी तरह की कोई हलचल नहीं सुनाई दी। जिसके बाद वह खेत पर पहुंचे और अपने भाई को दीवार गिरने की सूचना दी। परिवार वाले पहुंचे और दीवार का मलबा हटाया और बच्चे का बाहर निकाला, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी।

कई बार आवेदन किया फिर भी नहीं मिला सरकारी आवास
बालक धर्मेंद्र के पिता के पिता सुखराम के पास जमीन नहीं है। मजदूरी करके किसी तरह से परिवार व चार बजे की गुजर बसर करते हैं। सुखराम ने बताया कि उसने प्रधानमंत्री आवास के लिए कई बार ऑनलाइन आवेदन किया है। पर अभी तक उसे आवास नहीं मिला है। वह कच्चे घर में छत की जगह पन्नी डाल रखी है। पूरा परिवार उसी में रहता है। बरसात बमुश्किल कटती है। दो साल पहले आवास के लिए किए गए आवेदन का आज तक कुछ पता नहीं चला। आवास तो आज तक मिला नहीं।
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पांच साल पहले जारी की गई स्थाई पात्रता सूची में सुखराम का नाम नहीं था। अभी तक उसी सूची के अनुसार पात्रों को आवास आवंटित किए जा चुके हैं। अभी शासन से सूची बनाने के कोई निर्देश नहीं है। निर्देश पर मिला सुखराम को सूची में शामिल आवास दिलाया जाएगा।
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अखिलेश कुमार, बीडीओ जुनावई।
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