बृहस्पतिवार को किसान विनोद उर्फ बोटा की हत्या का खुलासा पुलिस ने कर दिया है। पुलिस ने विनोद के पिता के नौकर को गिरफ्तार कर उसकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त बांस का डंडा भी बरामद कर लिया है। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश कर से जेल भेज दिया है।
चंदौसी कोतवाली में प्रेसवार्ता में सीओ दिनेश कुमार ने बताया कि चंदौसी के गांव मौलागढ़ की अक्षरधाम कॉलोनी निवासी विनोद उर्फ बोटा 12 अगस्त की रात खेत पर गया था। 13 अगस्त की सुबह उसका शव खेत में पड़ा मिला था। सिर पर भारी चीज से वार किए गए थे। परिजनों की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी। परिजनों ने गांव के ही अन्य लोगों से विवाद की बात कही थी। जांच के दौरान विनोद के पिता के नौकर हरिसिंह उर्फ हरिया निवासी मौलागढ़ से भी विवाद की बात सामने आई। पुलिस ने आरोपी हरिसिंह को बृहस्पतिवार की सुबह करीब साढ़े सात बजे चंदौसी में संभल तिराहे से गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने हत्या की बात कबूल की। बाद में आरोपी को न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया है। टीम में प्रभारी निरीक्षक वेद प्रकाश गुप्ता, एसएसआई पवन कुमार, कांस्टेबल कुनाल मलिक, अभिषेक कुमार आदि रहे।
लगातार गाली दे रहा था, नहीं माना तो सिर में मार डंडा मारकर कर दी थी हत्या
चंदौसी। आरोपी हरिसिंह ऊर्फ हरिया ने पूछताछ में पुलिस को बताया कि मैं विनोद के पिता श्यामलाल के खेत की देखभाल करता था। विनोद मुझे से फसल के रुपये मांगता था। उसके पिता ने रुपये देने से मना कर रखा था। इस बात को लेकर विनोद गाली गलौज और मारपीट करता था। दो माह पहले भी विनोद ने मेरे हाथ में चाकू मारा था। विनोद के पिता व भाइयों ने समझौता करा दिया था। मैं तभी से मौके की तलाश में था। 12 अगस्त की रात को मैं खेत पर सिंचाई कर रहा था। विनोद भी वही था और लगातार गाली दे रहा था। गाली देने से मना किया लेकिन वह नहीं माना। गुस्सा आने पर पास में पड़ा बांस का डंडा उठाकर उसके सिर में तीन वार कर किए जिससे उसकी मौके पर मौत हो गई।