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UP: बढ़ता तापमान कर सकता है बीमार, एहतियात बरतने की जरूरत, संभल का तापमान 38 डिग्री पहुंचा

Thu, 25 Apr 2024 05:20 PM IST
विमल शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, संभल

सार

संभल का मौसम लगातार बदलता जा रहा है। लगातार गर्मी के कारण जिले का तापमान 38 डिग्री पहुंच गया है। उधर, चंदौसी में चली आंधी के कारण आम उत्पादकों को नुकसान हुआ है। 
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संभल में गर्मी से बचने की कोशिश करती महिलाएं - फोटो : संवाद
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विस्तार
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तेज धूप और गर्म हवा के चलने से तापमान में लगातार बदलाव हो रहा है। संभल जिले का अधिकतम तापमान 38 डिग्री पहुंच गया। घरों से निकलने पर लोग चेहरा ढक कर ही चल रहे हैं। पैदल चल रहे लोगों और बाइक सवार को काफी दिक्कत का सामना करना पड़ा।

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मंगलवार की दोपहर बाद बादल छाने और तेज हवा चलने से मौसम में बदलाव हो गया था। रात तक तापमान में भी काफी गिरावट दर्ज की गई थी। बुधवार की सुबह से ही तापमान बढ़ता चला गया और 38 डिग्री तक दर्ज किया गया। जिससे लोगों को काफी परेशानी हुई।

संभल सीएचसी के चिकित्सक डॉ. नीरज शर्मा ने बताया कि तापमान काफी बढ़ गया है। ऐसे में धूप में जाने से बचें और पेयपदार्थों का ज्यादा से ज्यादा सेवन करें। खाने पीने में काफी परहेज करने की जरूरत है। फल धोकर खाएं और भोजन ताजा करें। जिससे बीमार होने का खतरा कम हो सके।

आंधी से आम की फसल को पहुंचा नुकसान

अच्छे उत्पादन की उम्मीद लगाए बैठे चंदौसी के आम उत्पादकों की उम्मीदों पर मौसम ने पानी फेर दिया। मंगलवार को आई आंधी में छोटे-छोटे आम पेड़ों से गिर गए। छोटा होने के कारण आम बिक भी नहीं रहा है। चंदौसी में बड़े पैमाने पर आम की बागवानी की जाती है।

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विदेशो के लिए भी ऑन डिमांड जनपद से आम आम की सप्लाई की जाती है। इस बार आम की बंपर पैदावार की उम्मीद है, लेकिन मंगलवार को मौसम ने उत्पादकों को चिंता में डाल दिया है। अगर, इसी तरह मौसम के तेवर खराब रहे तो आम का सही सलामत बाजार में पहुंचाया जाना मुश्किल होगा।

फिलहाल, आंधी ने पेड़ों से काफी अमिया और छोटे आम गिरा दिए हैं। इससे किसानों को भारी नुकसान बताया जा रहा है। गांव प्रहलादपुर निवासी नवीन कुमार ने बताया कि आंधी से आम को काफी नुकसान हुआ है। कच्चा आम पेड़ों से झड़ गया है।

गांव काजी वेहटा निवासी विकास कुमार सिंह ने बताया की आम छोटा होने से अभी आम का पाल नहीं लगाया जा सकता है। अचार आदि में भी आम का प्रयोग नहीं हो पाएगा, क्योंकि पेड़ से जमीन पर गिरने से यह आम खराब हो जाएगा। जल्द ही इसका इस्तेमाल करने की मजबूरी है। मंडी में कम दाम पर इसे बेचना पड़ रहा है।

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