संभल। शहर के रोडवेज बस अड्डे को अब स्थायी ठिकाना मिल जाएगा। स्थायी रोडवेज बस अड्डे की नींव की खोदाई शुरू हो गई है। कार्यालय के अलावा यात्रियों की सुविधा के लिए शौचालय व बैठने की व्यवस्था भी होनी है। प्रवेश और निकासी के दो गेट बनाए जाने हैं।
शहर में मुरादाबाद मार्ग पर वाजिदपुरम के नजदीक तश्तपुर में साढ़े तीन हजार वर्ग मीटर भूमि में रोडवेज बस अड्डे का निर्माण शुरू किया गया है। शासन द्वारा रोडवेज बस अड्डे के निर्माण के लिए सीएनडीएस जल निगम को कार्यदायी संस्था बनाया है। निर्माण के लिए 4.50 करोड़ रुपये जारी कर दिए गए हैं। शासन ने अनुपूरक बजट में संभल रोडवेज बस अड्डे के कार्यालय भवन निर्माण के लिए मंजूरी दी थी। इसके बाद से ही प्रक्रिया चल रही थी लेकिन अब लंबे इंतजार के बाद प्रक्रिया पूरी होकर नींव खोदाई का कार्य शुरू हो गया है। डीएम डॉ. राजेंद्र पैंसिया ने बताया कि कार्यदायी संस्था को निर्देश दिए गए हैं कि निर्माण कार्य को तेजी से पूरा कराया जाए। जिससे यात्रियों के साथ परिवहन निगम के स्टाफ को राहत मिल सके। कार्यदायी संस्था के ठेकेदार आदिल का कहना है कि छह से आठ महीने में निर्माण कार्य पूरा हो जाएगा। तेजी से निर्माण कार्य किया जाना है।
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1991 से किराये के भवन में संचालित हो रहा है रोडवेज बस अड्डा
किराये के भवन में वर्ष 1991 से रोडवेज बस अड्डा संचालित होता है। इसके लिए निगम द्वारा 15 हजार रुपये किराया चुकाया जाता है। इस किराए के भवन में न यात्रियों के बैठने की व्यवस्था है और न स्टाफ के लिए कोई सुविधा है। जर्जर भवन में यह रोडवेज बस अड्डा संचालित होता है। बारिश के दौरान यात्रियों को जलभराव और कीचड़ का सामना करना पड़ता है। जबकि संभल रोडवेज बस अड्डे से मुरादाबाद के लिए 34, मेरठ और अलीगढ़ के लिए तीन-तीन बसों का संचालन होता है। सैकड़ों यात्रियों का आवागमन रहता है।
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कार्यशाला का निर्माण भी जल्द शुरू होगा
रोडवेज बस अड्डे के साथ कार्यशाला निर्माण भी संभल में किया जाना है। शासन द्वारा 12 करोड़ रुपये इसके लिए आवंटित कर दिए गए हैं। डीपीआर तैयार हो चुकी है। कार्यदायी संस्था सीएनडीएस जल निगम को ही इसका निर्माण करना है। कार्यदायी संस्था के ठेकेदार ने बताया कि उसका निर्माण भी जल्द शुरू होगा। फिलहाल रोडवेज बस अड्डे का निर्माण कार्य शुरू किया गया है।
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कोट
संभल रोडवेज बस अड्डे के निर्माण के लिए नींव की खोदाई शुरू हो गई है। कार्यदायी संस्था के अधिकारियों से कहा गया है कि वह तेजी से कार्य को पूरा कराएं। जिससे यात्रियों को सहूलियत मिल सके। -डॉ. राजेंद्र पैंसिया, डीएम, संभल