नखासा थाना क्षेत्र के मोहल्ला रुकनुद्दीनसराय में गुरुवार रात को बदमाशों ने ईंट भट्ठा मजदूरों के ठेकेदारों के घर में कहर बरपाया। बदमाशों ने हथियारों के बल पर तीन परिवारों को बंधक बनाकर एक लाख रुपये से ज्यादा की नगदी और सोने-चांदी के आभूषण समेत पांच लाख का माल लूट लिया।
विरोध करने पर परिवार के सदस्यों को पीटा गया। सूचना के बावजूद पुलिस ने गंभीरता नहीं दिखाई। जिससे पीड़ित परिवार और लोगों में आक्रोश पनपा। शुक्रवार को पुलिस ने घायल एक ठेकेदार का मेडिकल कराया। मोहल्ला रुकनुद्दीन सराय निवासी जाहिद के बेटे महफूज, महमूद, यासीन और मसरूर ईंट भट्ठों मजदूरों के ठेकेदार हैं। घर में यह तीनों परिवार के साथ रहते हैं।
गुरुवार रात को लगभग 12.30 बजे बराबर से सीढ़ी लगाकर बदमाश घर में दाखिल हुए। बदमाशों ने दूसरी मंजिल पर बने कमरे में सो रहे जाहिद को कब्जे में ले लिया। दो बदमाश वहीं खड़े रहे। बाकी बदमाशों ने नीचे आ गए। कमरे का दरवाजा खुलवाकर महमूद और पत्नी गुड़िया पर तमंचे तान दिए। विरोध पर पिटाई की। गुड़िया से सोने के कुंडल व चांदी की एक जोड़ी पाजेब उतरवा ली। फिर कमरे में अलमारी से 67,600 रुपये, चांदी की दो जोड़ी पाजेब, सोने के कुंडल, झाले, पैंडिल कब्जे में लिया।
बराबर में यासीन के कमरे का दरवाजा खुलवाकर उसे व पत्नी फरहाना को गनप्वाइंट पर लेकर पिटाई की। 15 हजार रुपये, सोने की लौंग, कुंडल, लशकारा, झाले, हार, टीका चांदी का हार कब्जे में लिया। इसी तरह महफूज और उसकी पत्नी मुंजरिन को उठाने के बाद मारपीट की। इनके यहां से 21300 रुपये, दो मोबाइल, सोने के झाले, लशकारा, टीका, हार ले लिया। इसके बाद बदमाशों ने परिवार के सदस्यों को कमरों में बंद किया। शोर मचाने पर जान से मारने की धमकी देकर बदमाश रात 2.20 बजे चले गए।
डकैती के वक्त जाहिद का छोटा बेटा मसरूर अपने कमरे में था, वहां बदमाश गए ही नहीं। उसने बदमाशों के जाने के बाद परिवार के सदस्यों को बंधनमुक्त किया। आसपास के लोगों को घटना की जानकारी दी गई। रात में ही डायल 100 पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस की गाड़ी पहुंची। लेकिन बिना जानकारी किए लौट गई। शुक्रवार सुबह को नखासा थाने से दो सिपाही मौके पर पहुंचे और जांच की। दोपहर में पुलिस ने घायल महफूज का जिला अस्पताल में मेडिकल कराया।
पुलिस दिखाती गंभीरता तो पकड़े जाते बदमाश
संभल। बदमाशों के जाने के बाद पुलिस को घटना की सूचना दी गई थी। डायल 100 की गाड़ी पहुंची जरूर लेकिन गंभीरता नहीं दिखाई। लोगों का कहना है कि अगर पुलिस घटना को लेकर गंभीर होकर कांबिंग कराती तो शायद बदमाश पकड़े जाते। जबकि थाना पुलिस का कहना है कि चोरी की सूचना मिली थी। सवाल उठा कि चोरी की सूचना पर पुलिस को जानकारी नहीं करना चाहिए था।
मोहल्ले में पुलिस गश्त नहीं कर रही। रात के वक्त पुलिस गश्त करे तो ऐसी घटना रूक सकती हैं। गुरूवार रात को पुलिस आई थी मगर बिना जानकारी किए ही चली गई। पुलिस को कार्यशैली बदलनी चाहिए।
इमरान, मोहल्लेवासी
पुलिस प्रभावी तरीके से गश्त करे तो बदमाशों के हौसले कम होंगे। रात के वक्त पुलिस गश्त करे। किसी घटना की जानकारी मिले तो पुलिस को तुरंत मौके पर पहुंचकर जानकारी करनी चाहिए।
हफीज, मोहल्लेवासी
गुरुवार की रात सूचना मिलने पर डायल 100 पुलिस गई थी। मगर जिस नंबर से सूचना आई वह बंद कर लिया गया था। जिस वजह से लोकेशन नहीं मिल सकी। शुक्रवार सुबह को घटना की जानकारी हो सकी। जाहिद की ओर से घर में चोरी की तहरीर दी गई है। जिसमें दो लाख रुपये का माल चोरी होने की बात कही गई है। घटना के खुलासे के लिए दो टीमें गठित की गई हैं। जल्द ही आरोपियों पर शिकंजा कस दिया जाएगा।
दुर्गेश मिश्र, थाना प्रभारी नखासा