संभल। अहमदनगर थरैसा-सिंहपुर के बीच एक महीने पहले बनी नवनिर्मित डेढ़ किलोमीटर सड़क की पुलिया प्री मानसून की बारिश में ही बह गई। मानसून की बारिश में क्या हाल होगा इसका अंदाजा सहज ही लगाया जा सकता है। हैरानी की बात यह है कि लोक निर्माण विभाग की ओर से बनाई गई इस सड़क का अभी लोकार्पण भी नहीं हो सका और सड़क में भ्रष्टाचार की परतें खुलने लग गईं। इससे ग्रामीणों में आक्रोश है।
दरअसल, अहमदनगर थरैसा-सिंहपुर के बीच पहले कच्चा मार्ग था। ग्रामीणों ने चंदौसी विधायक राज्यमंत्री गुलाब देवी से शिकायत कर सड़क बनवाने की मांग की थी। जिसके बाद सड़क का निर्माण कराया गया। आरोप है कि बिना जांच पड़ताल के ही मार्ग को पास किया गया।
प्री मानसून की बारिश ने जगह-जगह से सड़क को उखाड़ दिया और पुलिया को बहा दिया। इससे स्पष्ट होता है कि सड़क के निर्माण कार्य में लापरवाही बरती गई है। जान बूझकर इस ओर ध्यान नहीं दिया गया। प्रदेश सरकार में राज्यमंत्री गुलाब देवी को समस्या से अवगत कराया गया है। उन्होंने विभागीय अधिकारियों से पुलिया को सही कराने की बात कही है। अब देखना यह होगा इस मामले में जांच होगी या फिर लीपापोती कर मामले को रफा-दफा कर दिया जाएगा।
एक हाईवे और दूसरे प्रमुख लिंक मार्ग को जोड़ती है सड़क
संभल। अहमदनगर थरैसा-सिंहपुर के बीच डेढ़ किलोमीटर की यह सड़क एक तरफ संभल-बहजोई मार्ग और दूसरी तरफ पवांसा-चंदौसी मार्ग को जोड़ती है। इस बीच जयसिंह थरैसा, अहमदनगर थरैसा, सिंहपुर, ढाढौल और भवन गांव पड़ते हैं। आसपास के अन्य गांवों के लोग इस रास्ते से होकर गुजरते हैं। प्री मानसून की बारिश में जगह-जगह से सड़क का उधड़ जाना और पुलिया का बह जाना लोगों के लिए मुसीबत का सबब बन गया है।
सड़क बनाने में विभाग ने खर्च किए 72 लाख रुपये, राज्यमंत्री ने दिया था प्रस्ताव
संभल। राज्यमंत्री गुलाब देवी के प्रस्ताव पर सड़क को बनाने में लोक निर्माण विभाग ने 72 लाख रुपये की भारी भरकम रकम खर्च की गई लेकिन लोकार्पण से पहले ही इसमें भ्रष्टाचार की परतें खुलना शासकीय धन का दुरुपयोग ही है। आसपास के लोगों का कहना है कि निर्माण कार्य में खूब घटिया सामग्री लगाई गई लेकिन किसी ने ध्यान नहीं दिया। जिसका परिणाम अब सामने है।