संभल में आर्य समाज रोड पर पैदल मार्च करती पुलिस।
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संभल। नागरिकता संशोधन कानून का व्यापक विरोध सामने आने के बाद पुलिस और प्रशासन सतर्क हो गया है। संभल में मिश्रित आबादी वाले क्षेत्र में पुलिस बल तैनात किया गया है। पुलिस के साथ पीएसी और रैपिड एक्शन फोर्स को भी लगाया गया है। आसपास के थानों के पांच थानाध्यक्ष संभल में तैनात किए गए हैं। संवेदनशील स्थलों पर चौबीस घंटे निगरानी रखी जा रही है। पुलिस ने दोपहर पैदल मार्च किया है।
संभल के चौधरी सराय में 16 दिसंबर इंडियन मुस्लिम लीग ने प्रदर्शन किया। इसमें जो भीड़ उभरी उसके बाद प्रशासन सतर्क हो गया। अब 17 दिसंबर को संभल में दो बड़े आयोजन हुए। पहला सांसद डा. शफीकुर्रहमान बर्क का था। दूसरा आयोजन सपा विधायक नवाब इकबाल महमूद के बेटे सुहेल इकबाल ने किया। सुहेल इकबाल और डा. शफीकुर्रहमान बर्क की पहल पर आयोजित विरोध प्रदर्शनों में भी भारी भी भीड़ उमड़ी।
नागरिकता संसोधन कानून का खुला विरोध किया गया। केंद्र सरकार निशाने पर रही। इन प्रदर्शनों को देखकर प्रशासन और पुलिस ने यह अनुमान लगा लिया है कि संभल में नागरिकता संशोधन कानून का व्यापक विरोध है।
इसी के बाद एहतियाती सतर्कता प्लान बनाया गया है। इसमें संभल को जोन और सेक्टर में बांटकर पुलिस, पीएसी और आरएएफ की तैनाती की गई है। हिंदू मुस्लिम आबादी के मुहाने पर छंगामल कोठी के निकट असमोली के थाना प्रभारी और पुलिस एवं पीएसी को लगाया गया है। संभल के शंकर चौराहे, डाकघर रोड, चंदौसी चौराहा, चौधरी सराय, बल्ले की पुलिया में विशेष सतर्कता बरती जा रही है। पुलिस तैनात है और मजिस्ट्रेट भी निगरानी बनाए हुए हैं।