संभल। मजदूरी के रुपये मांगने पर युवक की फंदे से लटका कर हत्या की गई थी। पुलिस ने पीड़ित पिता की तहरीर पर दूसरे दिन हत्या की रिपोर्ट दर्ज की। शव पोस्टमार्टम के बाद गांव पहुंचा तो परिजन व ग्रामीणों में आक्रोश पनप गया। हत्या के आरोपी पिता-पुत्रों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर आक्रोशित हो गए। तत्काल गिरफ्तारी नहीं होने पर रतनपुर-गुमसानी मार्ग पर शव रखकर जाम लगा दिया। मौके पर कई थानों की फोर्स के साथ पहुंचे सीओ ने पीड़ित परिजनों को शीघ्र ही आरोपियों की गिरफ्तारी का आश्वासन दिया तब जाकर करीब सवा घंटे के बाद जाम खुल सका।
मालूम हो असमोली थाना क्षेत्र के गांव गुमसानी निवासी जोगेंद्र (20) पुत्र अशोक कुमार की सोमवार की रात करीब नौ बजे मजदूरी के रुपये मांगने पर हत्या कर दी गई थी। पीड़ित परिजनों ने पुलिस को सूचना दी और हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराने की मांग की थी। थाना प्रभारी ने प्राथमिक पड़ताल में आत्महत्या का मामला होने का अंदेशा जताया था। साथ ही पोस्टमार्टम के लिए शव भेजा था। जब मंगलवार को परिजनों का विरोध बढ़ा तो गांव गुमसानी निवासी समरपाल, उसके बेटे रंजीत, सोनू और अजय के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई। मंगलवार की शाम करीब साढ़े चार बजे जब शव गांव पहुंचा तो मृतक के परिजन और अन्य ग्रामीण आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर अड़ गए। इसी क्रम में उन्होंने गुमसानी-रतनपुर मार्ग पर जाम लगा दिया। परिजन आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करने लगे। मौके पर सीओ जितेंद्र सिंह ऐंचोड़ा कंबोह और हजरतनगर गढ़ी थाना पुलिस के साथ मौके पर पहुंच गए। उन्होंने पीड़ित परिजनों को आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी का आश्वासन दिया। काफी समझाने पर पीड़ित परिजन माने और करीब पौने छह बजे सड़क से शव को उठाकर घर ले गए। करीब सवा घंटे जाम लगा रहा। इसके बाद यातायात सुचारु हुआ। पीड़ित पिता का कहना है कि उसके बेटे ने आरोपियों के ट्रैक्टर-ट्राली पर मिट्टी भराव पर मजदूरी की थी। करीब आठ दिन की मजदूरी मांगने पर हत्या की गई है।
--------------------
कोट
रिपोर्ट दर्ज कराने और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पीड़ित परिजन मांग कर रहे थे। रिपोर्ट तो दर्ज कर ली गई है। आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई है। इसी मांग को लेकर मृतक के परिजनों ने जाम लगाया था।
जितेंद्र सिंह, सीओ, संभल।