संभल। रजपुरा थाना क्षेत्र के गांव सिकंदपुर खागी स्थित पंजाब नेशनल बैंक के शाखा प्रबंधक दुर्गेश कुमार गुप्ता और रिकवरी एजेंट हरस्वरूप उर्फ ख्याली राम के गिरफ्तार होने के बाद बृहस्पतिवार को विकल्पिक व्यवस्था से शाखा में काम चलाया गया। जो कर्मचारी शाखा के छुट्टी पर थे उन्हें वापस बुलाया लिया। तब शाखा का कार्य सुचारू हो सका। सीबीआई टीम ने करीब 15 घंटे कार्रवाई की। बुधवार की दोपहर तीन बजे करीब शाखा में रिश्वत लेते हुए पकड़ा था। इसके बाद मोबाइल, दस्तावेज और कम्प्यूटर की छानबीन की जाती रही। शाखा प्रबंधक समेत सभी कर्मचारियों से पूछताछ की और बृहस्पतिवार की सुबह छह बजे करीब कर्मचारियों को शाखा से घर के लिए भेज दिया। शाखा प्रबंधक और रिकवरी एजेंट को गिरफ्तार कर गाजियाबाद ले गए। एलडीएम अमित विश्नोई ने बताया कि जो कर्मचारी छुट्टी पर थे। उनकी छुट्टी रद्द कर वापस बुलाया गया। इसके बाद शाखा में कार्य हुआ है।
यह कार्रवाई गांव भीकमपुर जागीर निवासी किसान देवेंद्र पुत्र नेत्रपाल की शिकायत के बाद हुई है। शिकायतकर्ता ने बताया कि टीम के सदस्यों ने छह हजार रुपये के नोट उन्हें बैंक के बाहर दिए थे। जब रुपये लेकर बैंक में पहुंचे तो शाखा प्रबंधक को दिए। शाखा प्रबंधक ने रिकवरी एजेंट को देने के लिए कहा था। रिकवरी एजेंट के रुपये लेते ही गिरफ्तार कर लिया गया। इसके बाद ही आगे की पूछताछ की गई।
शिकायतकर्ताा किसान देवेंद्र ने बताया कि उन्होंने अपने पिता नेत्रपाल के नाम से किसान क्रेडिट कार्ड के लिए आवेदन 15 दिन पहले किया था। मंगलवार को किसान क्रेडिट कार्ड बन गया लेकिन चार लाख रुपये के क्रेडिट कार्ड में पांच प्रतिशत रिश्वत की मांग की गई थी। इसके बाद ही सीबीआई को शिकायत दर्ज कराई। तब कार्रवाई हुई है।सीबीआई की टीम ने रिश्वत लेते हुए तो कुछ ही देर में पकड़ लिया था लेकिन इसके बाद 15 घंटे छानबीन की गई। आशंका है कि टीम ने छानबीन में अन्य मामले भी पकड़े हों। हालांकि अभी तक ऐसी कोई अधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। जिससे यह स्पष्ट हो सके कि कार्रवाई के दौरान कुछ और घपलेबाजी मिली है।
लखीमपुर खीरी निवासी शाखा प्रबंधक दुर्गेश कुमार गुप्ता ने वर्ष 2014 में बैंक की नौकरी पाई थी। बरेली में क्लर्क हुआ करते थे। इसके बाद इनको शाखा प्रबंधक के पद पर तैनाती मिली थी। संभल एलडीएम अमित विश्नोई ने बताया कि बुलंदशहर सर्किल में सिकंदरपुर खागी की शाखा आती है।