संभल। गंगा एक्सप्रेसवे किनारे खिरनी मोहिउद्दीनपुर समेत चार गांवों में औद्योगिक गलियारे के लिए पहले चरण में खरीदी गई 222 हेक्टेयर भूमि का समतलीकरण शुरू होगा। फिर इसकी बाउंड्रीवॉल बनाई जाएगी। यूपीडा ने इसके लिए एजेंसी तय की है। यूपीडा के अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी शशांक चौधरी शुक्रवार को जनपद में भ्रमण करने आएंगे। वे अधिकारियोें के साथ कार्यस्थल का निरीक्षण कर निर्माण कार्यों की समीक्षा करेंगे। करीब एक घंटे उनका कार्यक्रम जिले में तय हुआ है।
दरअसल, औद्योगिक गलियारे के लिए पहले चरण में गांव खिरनी मोहिउद्दीनपुर, बसला, सारंगपुर और अमावती कुतुबपुर में 222 हेक्टेयर भूमि खरीदी गई। बाद में अधिकारियों ने निरीक्षण किए और भविष्य की संभावनाओं को समझा तो इसे बढ़ाया गया। अब 500 हेक्टेयर से अधिक भूमि में इस गलियारा को विकसित किया जा रहा है।
300 हेक्टेयर से अधिक भूमि अभी खरीदी जानी शेष है, सो इससे पहले खरीदी गई भूमि पर औद्योगिक गलियारे को आकार देने की तैयारी है। इस भूमि का समतलीकरण होगा और चहारदीवारी भी होगी। इसके लिए एजेंसी नामित हो गई है। खास बात यह है कि शुक्रवार यानि आज यूपीडा के अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी शशांक चौधरी भ्रमण के लिए जिले में आएंगे। वे एक घंटा यहां रहेंगे। इस दौरान कार्यस्थल का निरीक्षण करेंगे और निर्माण कार्यों की समीक्षा करेंगे। इस भ्रमण के बाद लाजिमी ही कामकाज में तेजी आएगी। तहसीलदार धीरेंद्र कुमार सिंह का कहना है कि कार्यक्रम मिला है। निरीक्षण और समीक्षा के लिए संबंधित टीम को लगाया है।