चंदौसी। नगर के मुंसिफ रोड स्थित एक निजी अस्पताल में चल रहे इलाज के दौरान चार दिन की बच्ची की मौत हो गई। परिजन बच्ची का शव लेकर अस्पताल पहुंचे और गलत इंजेक्शन लगाने का आरोप लगाते हुए पुलिस बुला ली। पुलिस ने मौके पर पहुंच कर जानकारी ली। हालांकि इस मामले में कोई तहरीर नहीं दी गई।
नगर के बिसौली गेट स्थित सक्को वाली गली के रहने वाले सौरभ प्रजापति ने बताया कि तीन दिसंबर को उसकी पत्नी लक्ष्मी ने एक बच्ची को जन्म दिया। जन्म के बाद से ही बच्ची कमजोर होने पर उसे मशीन में रखा गया था। शनिवार की सुबह 10.30 बजे करीब बच्ची को डिस्चार्ज कर घर भेज दिया गया। रविवार को सुबह बच्ची को इंजेक्शन लगना था। जिससे वह अस्पताल आए और इंजेक्शन लगवाने के बाद वापस घर लौट गए। इसके बाद बच्ची सो गई थी।
चार बजे करीब जब मां ने बच्ची को दूध पिलाने के लिए उठाने का प्रयास किया तो वह उठी नहीं। परिजन बच्ची को अस्पताल लेकर पहुंचे। जहां चिकित्सक ने मृत घोषित कर दिया। वहीं परिजनों ने अस्पताल के कंपाउंडर पर गलत इंजेक्शन लगाने का आरोप लगाते हुए पुलिस बुला ली। चिकित्सक ने बताया कि कम समय में बच्ची पैदा हुई और कमजोर थी। सवा किलो वजन था। इससे बच्ची को एंटी बायोटिक इंजेक्शन लग रहे थे। इसके बाद परिजन बिना किसी कार्रवाई के बच्ची को शव लेकर चले गए।
कार्यवाहक कोतवाल गिरीश गंगवार ने बताया कि इस मामले में कोई तहरीर नहीं मिली। परिजनों ने कार्रवाई से इनकार कर दिया और बच्ची का शव लेकर चले गए।