संभल। हजरतनगर गढ़ी गांव में रेलवे ट्रैक से अलम का जुलूस निकालते समय अलम ओवरहेड इलेक्ट्रीसिटी (ओएचई) की चपेट में आने से चार लोग झुलस गए। अलम में करंट दौड़ने से हुए हादसे से अफरातफरी मच गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने सभी झुलसे लोगों को गांव हजरतनगर गढ़ी के निजी चिकित्सक से उपचार कराया। दो की हालत गंभीर होने पर संभल के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
बृहस्पतिवार को गांव हजरतनगर गढ़ी में आठ मोहर्रम का अलम का जुलूस निकल रहा था। दोपहर करीब तीन बजे गांव अली नगर और गांव हजरनगर गढ़ी के अलम सिरसी बिलारी मार्ग पर एकत्र हो रहे थे। इसी दौरान गांव हजरतनगर गढ़ी के अलम रेलवे लाइन पार कर जाने थे। कई अलम तो एहतियात के साथ निकाल लिए गए लेकिन एक अलम निकालते समय लाइन की चपेट में आ गया। इसमें करंट फैलने से अलम पकड़कर चल रहे अमरोहा के थाना डिडौली अंतर्गत गांव पतेई खालसा निवासी अफजाल पुत्र मुजहिद , हजरतनगर गढ़ी निवासी अदीब पुत्र शराफत हुसैन, संभल के मोहल्ला नाला निवासी हसनैन पुत्र जब्बार, मुरादाबाद के पाकबड़ा निवासी इस्लाम पुत्र अफसर झुलस गए।
हजरतनगर गढ़ी के थाना प्रभारी विनोद कुमार मिश्र ने बताया कि रेलवे लाइन पार करते समय एक अलम करंट की चपेट में आ गया था। झुलसे लोगों का उपचार कराया गया है। अलम का जुलूस शांतिपूर्ण तरीके से निकलवाया गया है। जो लोग करंट से झुलसे हैं उनकी हालत में सुधार है।
बारिश में अलम भीगा होने से हुआ हादसा, गनीमत रही बच गए लोग
अलम का जुलूस जिस समय निकाला जा रहा था उस समय बारिश हो गई थी। बारिश के दौरान अलम भीग गए थे। जिस अलम पर करंट दौड़ा है यह भी भीगा था। ग्रामीणों ने बताया कि इस अलम को बांस से बनाया गया था लेकिन ऊपरी हिस्सा लोहे से तैयार किया गया था। वह भीगने से करंट दौड़ गया। वहीं ग्रामीणों में चर्चा रही कि गनीमत रही कि मामूली करंट ही दौड़ा। अगर करंट पूरी तरह फैल जाता तो हादसा बड़ा हो सकता था। हादसे के दौरान वहां सैकड़ों लोग थे।