उसको सवा तीन घंटे के रेस्क्यू अभियान के बाद बाहर निकाला जा सका। इसके बाद उसे डॉक्टर के यहां ले जाया, जहां मृत घोषित कर दिया गया।
गांव भुलावई गांव निवासी रामवीर प्रजापति पुत्र रोशनलाल, सत्यप्रकाश पुत्र गेंदनलाल मौर्य और वीरेंद्र पुत्र रोशनलाल ने कुइंया साफ करने के लिए 2700 रुपये में ठेका लिया था। मंगलवार की सुबह 10 बजे तीनों कुइंया साफ करने के लिए सरकारी नलकूप के नजदीक पहुंचे। रामवीर 25 फुट गहरी कुइंया की सफाई के लिए नीचे उतरे। सत्यप्रकाश और वीरेंद्र ऊपर खड़े मिट्टी खींच रहे थे। दोपहर करीब ढाई बजे ढांग ढह गई और रामवीर मलबे में दब गए। करीब सवा तीन घंटे तक चलाए गए रेस्क्यू अभियान के बाद रामवीर को निकाला जा सका।
मौके पर मौजूद स्वास्थ्य विभाग की टीम रामवीर को एंबुलेंस से सरकारी अस्पताल लाई।
यहां सरकारी अस्पताल में डॉक्टर हरवेंद्र सिंह ने रामवीर को मृत घोषित कर दिया। परिवार में कोहराम मचा हुआ है। बनियाठेर थाना पुलिस द्वारा शव को पोस्ट मार्टम के लिए भेजा जा रहा है।
इस संबंध में एसडीएम चंदौसी अमित कुमार ने बताया कि भुलावई गांव में बोरवेल में दबकर मृत ग्रामीण का पोस्टमार्टम कराया जाता है। यदि उसके नाम कृषि भूमि है तो कृषि बीमा दुर्घटना योजना के तहत पांच लाख रुपये व पारिवारिक लाभ योजना का लाभ दिया जाएगा।