कुछ ऐसे लाभार्थी भी थे, जिनकी साइकिलें समारोह स्थल से बाहर निकलते ही टूट गई।
एक कार में कई साइकिलें रखी देखकर लोगों को हैरत हो रही थी, जब अधिक निगाहें कार पर टिकी तो चालक ने कार की खिड़की बंद कर ली और कार को आगे बढ़ा दिया। वहीं एक महिला श्रमिक जैसे ही साइकिल लेकर निकली, वैसे ही एक ई-रिक्शा की चपेट लग गई, जिससे उसका पहिया टूट गया। एक श्रमिक ने बताया कि वह कई दिनों से श्रम विभाग के चक्कर काट रहा था लेकिन उसे ना तो टोकन दिया गया और ना ही साइकिल।
साइकिल यदि टूट गई या फिर कार में रखकर साइकिलें ले जाई गई हैं तो इस मामले की जांच कराई जाएगी, जो भी दोषी होगा, उस पर कार्रवाई की जाएगी। क्योंकि साइकिलों में गुणवत्ता का पूरा ध्यान रखा गया है, पारदर्शिता के साथ वितरण भी किया गया है।
- फिरोज खां, जिलाध्यक्ष सपा संभल
‘जिस साइकिल पर बैठकर जा रहे हो, उसे चुनाव में याद जरूर रखना’
चंदौसी। श्रमिक साइकिल वितरण समारोह पूरी तरह सियासी रंग में डूबा नजर आया। सपा विधायक लक्ष्मी गौतम ने 865 श्रमिकों को साइकिलों का वितरण किया। अध्यक्षता करते हुए सपा जिलाध्यक्ष फिरोज खां ने यहां तक कह दिया कि जिस साइकिल पर बैठकर घर जा रहे हो, उसे चुनाव में याद जरूर रखना। साइकिल वितरण समारोह में साइकिलें लेने के लिए सुबह से ही पंजीकृत श्रमिक यहां जमा होने लगे थे, श्रम विभाग ने पहले ही पंजीकृत निर्माण श्रमिकों को टोकन बांट दिए थे।
कार्यक्रम अपराह्न करीब तीन बजे शुरू हो सका। 865 श्रमिकों को साइकिलों प्रदान की गई। इस मौके पर सहायक श्रमायुक्त प्रतिभा तिवारी, श्रम निरीक्षक कुंदन सिंह, संभल के श्रम निरीक्षक बीएन ओझा, जिला महासचिव हरवीर सिंह यादव, सपा विधान सभा क्षेत्र अध्यक्ष भूरा प्रधान, गालिब खां, दिनेश भारद्वाज, इमरान खान, खुशनवाज खान, तालिबान आदि शामिल रहे।