कोतवाली क्षेत्र के गांव हाफिजपुर में फिर से माहौल बिगाड़ने की कोशिश की गई। गुरुवार को देर रात धर्मस्थल पर लाउडस्पीकर लगाने को लेकर दो वर्गों के बीच तनातनी हो गई। पुलिस ने मौके पर पहुंची तो एक वर्ग के लोगों ने हंगामा कर दिया। महिलाएं पुलिस से भिड़ने लगीं। पुलिस ने लाठियां फटकारनी शुरू कीं तो भीड़ तितर बितर हो गई।
पुलिस ने सख्ती करते हुए दो लाउडस्पीकर कब्जे में ले लिए। तीन लोगों को हिरासत में लेकर लौट आई। पुलिस ने आरोपियों का शांतिभंग की आशंका में चालान कर दिया। गांव हाफिजपुर में पहले भी दो वर्गों के बीच किसी न किसी बात को लेकर तनातनी का माहौल हुआ है। हालांकि पुलिस प्रशासन ने भी सख्ती की है। इसके बावजूद अब भी गांव में शांति का माहौल बिगाड़ने की कोशिश की जा रही है।
गुरुवार रात को एक वर्ग के लोगों ने धर्मस्थल पर लाउडस्पीकर लगा लिए। इसकी जानकारी दूसरे वर्ग को हुई तो तनातनी हो गई। विरोध करने पर दोनों वर्ग के लोग आमने-सामने आ गए और हालात टकराव के बन गए। इसकी सूचना पुलिस को मिली तो तुरंत गांव का रुख कर लिया। पुलिस ने गांव पहुंची तो एक वर्ग के लोगों ने हंगामा शुरू कर दिया। कुछ महिलाएं पुलिस से भिड़ने लगीं।
इस पर पुलिस भी एक्शन में आ गई। पुलिस ने लाठी फटकारी तो भीड़ इधर-उधर हो गई। तब जाकर हालात संभल सके। पुलिस ने फौरी कार्रवाई करते हुए धर्मस्थल से दो लाउडस्पीकर उतरवाकर कब्जे में ले लिए। एक वर्ग के तीन लोगों को हिरासत में लेकर लौट आई। शुक्रवार को गांव में तनावपूर्ण माहौल के बीच शांति रही। कोतवाली प्रभारी अनिल समानिया ने बताया कि सालिम पुत्र नूर मोहम्मद, जरीफ पुत्र अकबर अली, मंजूर अली पुत्र जहूरी का चालान कर दिया गया है।