नखासा थाना क्षेत्र के गांव भवांच में शनिवार को रात में किसान के घर की दीवार काटकर चोरों ने सात पशु चोरी कर लिए। एक पशु लौटकर घर पहुंचा तो आवाज से किसान की आंख खुल गई। किसान ने ग्रामीणों की मदद से पौने दो लाख रुपये कीमत के पशुुुओं की तलाश में कांबिंग की। डायल 100 पुलिस भी पहुंची मगर पशु नहीं मिले।
रविवार सुबह सूचना मिलने पर सिरसी चौकी पुलिस ने मैनाठेर थाना क्षेत्र के गांव महमूदपुर माफी में एक घर से पांच पशु व छुरे बरामद किए। एक पशु नहीं मिल सका। पुलिस ने एक व्यक्ति को पकड़ लिया। किसान ने तहरीर दी। पुलिस ने चार आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
थाना क्षेत्र के गांव भवांच निवासी जयपाल सिंह पुत्र सियाराम शनिवार रात को परिजनों के साथ घर में सो रहा था। घर के बाहरी हिस्से में सात पशु बंधे थे। रात 11.30 बजे चोरों ने दीवार काटकर पशु चोरी कर लिए और चले गए। कुछ देर बाद भैंस का कटरा शोर मचाते हुए वापस घर पहुंचा तो जयपाल सिंह की आंख खुल गई। पशु चोरी की जानकारी होने पर उसने शोर मचाया। आसपास के ग्रामीणों की मदद से पशुओं की तलाश शुरू की गई। सूचना मिलने पर डायल 100 पुलिस भी पहुंच गई। रातभर आसपास तलाश करने पर पशुओं का पता नहीं चल सका।
रविवार सुबह जयपाल सिंह को सूचना मिली कि पशु मैनाठेर थानाक्षेत्र के गांव महमूदपुर माफी में एक घर में बंधे हैं। इस सूचना पर सिरसी चौकी इंचार्ज अजय सिंह कसाना पुलिस बल के साथ वहां पहुंचे। पुलिस को उस घर के दरवाजे पर खुला ताला लटका मिला। पुलिस ने घर से एक गाय, दो भैंस, गाय के दो बछड़े बरामद कर लिए। छुरे भी मिले। एक कटिया नहीं मिल सकी। बाद में थाना पुलिस बरामद पशुुओं को थाने ले आई। पुलिस ने मौके से एक व्यक्ति को पकड़ लिया जिसे पुलिस थाने ले आई। किसान जयपाल सिंह ने पुलिस को पशु चोरी होने की तहरीर दी।
प्रभारी निरीक्षक नखासा दुर्गेश कुमार मिश्र ने बताया कि महमूदपुर माफी गांव में भूरा पुत्र कासिम के घर से पशु व छुरे बरामद किए गए हैं। भूरा, छोटे और सलारा फरार हो गए। जबकि अबरार को गिरफ्तार कर लिया। इन सभी के खिलाफ पशु क्रूरता अधिनियम, पशु चोरी के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।
नखासा में नहीं लग रहा पशु चोरी पर अंकुश
संभल। नखासा थाना क्षेत्र में पशु चोरी की घटनाओं पर अंकुुश नहीं लग पा रहा। नवंबर में ही पशु चोरी की 12 घटनाएं सामने आई हैं। चोर 8.85 लाख रुपये के पशु चोरी करके ले जा चुके हैं। इससे साफ है कि पशु चोरी की घटनाओं को लेकर पुलिस गंभीर नहीं है। पुलिस की कार्यशैली को लेकर किसानों में रोष पनप रहा है।
पशु चोरी को लेकर बड़े आंदोलन का ऐलान
संभल। भारतीय किसान यूनियन के मंडल महासचिव संजीव गांधी ने कहा कि नखासा पुलिस की निष्क्रियता की वजह से पशु चोरी की घटनाएं सामने आ रही हैं। पुलिस न तो घटनाओं पर अंकुश लगा पा रही है और न ही पशु चोरों को पकड़ पा रही। किसान परेशान हैं। उन्होंने कहा कि जल्द ही पशु चोरी की घटनाओं को लेकर बड़ा आंदोलन किया जाएगा।