फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बदायूं जेल में गुन्नौर के कैदी की मौत, जेल के अधीक्षक पर रिपोर्ट दर्ज

Tue, 26 Apr 2016 12:35 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/चंदौसी
विज्ञापन
कैदी की मौत
विज्ञापन
जिला जेल के अधीक्षक एलएन दोहरे, दो डिप्टी जेलर समेत छह लोगों के खिलाफ बंदी तुकमेश यादव की हत्या के आरोप में रिपोर्ट दर्ज की गई है। गुन्नौर (संभल) के सपा विधायक रामखिलाड़ी यादव के करीबी रिश्तेदार तुकमेश का सोमवार को दो डॉक्टरों के पैनल से पोस्टमार्टम कराया गया, मौत की वजह जहर और चेहरे व शरीर पर पाई गई चोटों को माना गया है।
विज्ञापन


तुकमेश हत्या के एक मामले में अपने ताऊ के साथ जेल में बंद था, उन दोनों की बैरक हाल ही में अलग-अलग की गई थीं। हत्या का आरोप लगने के बाद जांच को बैरक में पहुंची पुलिस को तुकमेश के वहां रखे कपड़ों से चार पेज का पत्र मिला, जिसमें उसने जेल में आपबीती लिखते हुए उत्पीड़न का आरोप लगाया है।

रविवार रात अचानक 24 वर्षीय तुकमेश (24) को हालत बिगड़ने पर जेल अस्पताल भेजा गया, वहां से जिला अस्पताल लाया गया, जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस बारे में खबर मिलने पर पुलिस और प्रशासन में हड़कंप मच गया। सोमवार सुबह रिश्तेदार ग्राम्य विकास राज्यमंत्री ओमकार सिंह यादव भी जिला अस्पताल पहुंचे।
विज्ञापन


उन्होंने जेल प्रशासन की शिकायत शासन से करने की बात कही है। विधायक रामखिलाड़ी यादव दिन भर अस्पताल में जमे रहे। प्रभारी डीएम प्रताप सिंह भदौरिया, एडीएम प्रशासन अशोक कुमार श्रीवास्तव, सिटी मजिस्ट्रेट एके श्रीवास्तव, एसपी सिटी अनिल यादव, सीओ वंशराज यादव समेत कई थानों की पुलिस भी जिला अस्पताल में मौजूद रही।

रिपोर्ट तुकमेश के तहेरे भाई योगेश की ओर से लिखी गई है। इसमें जेल अधीक्षक एलएन दोहरे के अलावा, डिप्टी जेलर सुनील गौतम व दीपक चौहान के अलावा तीन अन्य लोगों गुन्नौर थाना क्षेत्र के गांव नंदरौली के मुनीश कुमार, राजेश कुमार और उदयवीर को नामजद किया गया है।

ये अन्य तीन नंदरौली के सुनील उर्फ लालू के रिश्तेदार हैं, जिसकी वर्ष 2014 में 17 मार्च को हत्या कर दी गई थी। उसी की हत्या में तुकमेश जेल में बंद था। रिपोर्ट में आरोप लगाया गया है कि इन तीनों लोगों ने जेल के अधिकारियों से मिलकर हत्या करा दी।

सुनील उर्फ लालू की हत्या में तुकमेश के अलावा उसके भाई रजनेश, ताऊ चंद्रकेश यादव, तहेरे भाई योगेश यादव पुत्र चंद्रकेश यादव और गांव के ही अहिबरन यादव को नामजद किया गया था। इनमें दो आरोपियों को विवेचना में क्लीन चिट मिल चुकी है। रजनेश यादव जमानत पर है। सपा विधायक रामखिलाड़ी यादव तुकमेश के फूफा हैं।

पुलिस को जो पत्र मिला है, उसे डायरी के रूप में तुकमेश ने पिछले तीन-चार दिनों में लिखा था, जो रोमन भाषा में है। पुलिस अभी इस बिंदु पर भी जांच कर रही है कि कहीं परेशान होकर तुकमेश ने आत्महत्या न कर ली हो। उधर, आरोपित जेल अधिकारी घटना के बाद से नजर नहीं आ रहे हैं।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें