जिले के सभी आठ विकास खंड व आंशिक बिलारी विकास क्षेत्र की सभी 556 ग्राम पंचायतों के 4794 तथा 7010 वार्डों में से 2139 वार्डों पर 3131 यानी कुल 10377 प्रत्याशियों की किस्मत के फैसले की उल्टी गिनती शुरू हो गई है। सिर्फ 36 घंटे के बाद ही मतदाताओं का फैसला सामने आने लगेगा।
इसके लिए प्रत्याशियों की धड़कने तेज हो गई हैं। 3131 वार्ड सदस्य निर्विरोध निर्वाचित हो चुके हैं। बनियाखेड़ा विकास क्षेत्र की 44 ग्राम पंचायतों में प्रधान पद के 510 व वार्ड सदस्य पद के 383 प्रत्याशी है। पंवासा की 82 ग्राम पंचायतों में प्रधान पद के 813, वार्ड सदस्य के 637 प्रत्याशी हैं।
बिलारी (आंशिक) की 28 पंचायतों में प्रधान के 240, सदस्य के 99, रजपुरा की 67 पंचायतों में प्रधान के 485, सदस्य के 490, बहजोई की 58 पंचायतों में प्रधान के 547, सदस्य के 921, गुन्नौर की 58 पंचायतों में प्रधान के 386, सदस्य के 520, जुनावई की 59 ग्राम पंचायतों में प्रधान पद के 446, सदस्य के 346 हैं।
संभल की 83 ग्राम पंचायतों में प्रधान पद सर्वाधिक 981, सदस्य पद के 949 व असमोली की 77 ग्राम पंचायतों में प्रधान पद के 897 व सदस्य पद के सर्वाधिक 1238 प्रत्याशी हैं। कुल 556 पंचायतों में प्रधान पद के 4794 प्रत्याशियों समेत कुल 10377 प्रत्याशियों की किस्मत इन दिनों मतपेटिकाओं में बंद हैं।
यह मतपेटिकाएं 13 दिसंबर की सुबह सात बजे से खुलनी होंगी। जिनकी उल्टी गिनती शुरू हो चुकी है। फैसला सामने आने में सिर्फ 36 से 48 घंटे के समय शेष है। प्रत्याशियों की दिलों की धड़कने तेज हो गई हैं। यह दीगर बात है कि अपने और अपने समर्थकों के आंकड़ों के अनुसार हर प्रत्याशी अपनी जीत अच्छे खासे अंतर से सुनिश्चित मान रहा है।
लेकिन सच्चाई तो यही है कि 4794 प्रत्याशियों में प्रधान तो सिर्फ 556 ही बनेंगे। 4238 के हाथ तो मायूसी लगनी सुनिश्तित है। यही हाल वार्ड सदस्यों का भी है, यहां भी जिन 2139 वार्डों पर चुनाव हुआ है, सदस्य भी उतने ही विजयी होने हैं। हालांकि 3131 सदस्यों का निर्विरोध निर्वाचन तय है।