संभल। असमोली थाना क्षेत्र के गांव शाहपुर सिरपुड़ा के नजदीक सैदनगली-पाकबड़ा मार्ग पर बेकाबू निजी बस ने सड़क किनारे खड़े छात्र को कुचल दिया। घटना की जानकारी परिजनों को हुई तो वह घटनास्थल पहुंचे। पुलिस शव ले जाने लगी तो लोगों ने विरोध किया। इस पर पुलिस ने लाठी से फटकार कर लोगों को खदेड़ा। इससे गुस्साए लोगों ने जाम लगा दिया।
शुक्रवार की सुबह करीब नौ बजे असमोली थाना क्षेत्र के सैदनगली-पाकबड़ा मार्ग स्थित गांव शाहपुर सिरपुड़ा के नजदीक सैदनगली की ओर से आ रही बेकाबू निजी बस ने सड़क किनारे खड़े ऐंचवाड़ा डींगर निवासी अरुण (15) पुत्र सुुुरेश कुमार को टक्कर मार दी। इसमें छात्र गंभीर रूप से घायल हो गया। नजदीक में खड़े चाचा विशाल ने हादसा देखा तो वह आनन-फानन में किशोर को मनौटा के निजी अस्पताल लेकर पहुंचे। जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।
हादसा उस समय हुआ जब अरुण अपने चाचा विशाल के साथ अमरोहा से गांव लौट रहा था। विशाल ने बताया कि उनकी शादी 26 जून को है। वह अमरोहा के गांव चक्कालेट निवासी अपनी बहन के घर से बाइक लेने बस से गए थे। बहन के घर से बाइक पर सवार होकर विशाल और अरुण निकले। रास्ते मे सुबह करीब 9 बजे शाहपुर सिरपुड़ा के पास बाइक का पेट्रोल खत्म हो गया। पेट्रोल भरवाने के लिए सड़क किनारे एक दुकान पर रुके। दुकानदार ने बाइक में पेट्रोल भर दिया। रुपये देने के लिए जैसे ही दुकान की ओर गए तो अचानक आई निजी बस के चालक ने उनके भतीजे को टक्कर मार दी। बस का पहिया अरुण के पेट से होकर गुजर गया। हादसे की सूचना पर यूपी-100 और थाना पुलिस पहुंची।
हादसा स्थल में किशोर का शव पुलिस ने कब्जे में ले लिया और थाने ले जाने लगे। हादसे की सूचना गांव सकतपुर निवासी रिश्तेदारों को हुई तो वह मौके पर पहुंच गए। उन्होंने पुलिस से शव ले जाने के लिए मना किया। विरोध कर रहे लोगों को पुलिस ने लाठी फटकार कर खदेड़ा। इसकी जानकारी किशोर के परिजनों को हुई तो उनमें आक्रोश पनप गया। उन्होंने शव ले जाने और पुलिस कर्मियों की मारपीट का विरोध करते हुए जाम लगा दिया। ग्रामीणों का आक्रोश देखते हुए कई थानों की पुलिस पहुंची। ग्रामीण मानने को तैयार नहीं हुए। मौके पर पहुंचे उप जिलाधिकारी दीपेंद्र यादव और पुलिस क्षेत्राधिकारी ने ग्रामीणों को सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया। पुलिस की लाठी फटकारने पर कार्रवाई करने की भी बात कही।
तब कहीं ग्रामीणों ने जाम खोला। जाम सुबह 9.15 से 12.30 बजे तक लगा रहा। इस दौरान तमाम वाहनों को इधर उधर से होकर अपने वाहन निकालने पड़े। बाद में भाजपा जिलाध्यक्ष राजेश सिंघल भी पहुंचे। पुलिस से आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। वहीं पुलिस ने बस को कब्जे में लिया और वाहन चालक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई।
चल रही थी शादी की तैयारियां अब छाया मातम
संभल। हादसे में जान गंवाने वाला किशोर अरुण कक्षा दसवीं का छात्र था। दो भाई एक बहन में सबसे छोटा होने के कारण परिवार का लाडला था। मां सर्वेश का रो-रोकर बुरा हाल है। चाचा के साथ बाइक लेने के लिए गया था। गांव लौटते समय काल के गाल में समा गया। जिसको भी हादसे की जानकारी हुई वह मौके पर दौड़ा चला आया। छात्र के चाचा विशाल की 26 जून को बरात जानी थी, परिवार में खुशी का माहौल था। अब इस हादसे के बाद खुशियां गम में तब्दील हो गईं। हादसे के समय साथ रहे चाचा का भी रो-रोकर बुरा हाल है।
पुलिस की लाठियों से ग्रामीणों में आक्रोश पनपा
संभल। पुलिस ने किशोर का शव एक गाड़ी में रखकर थाने भेजने का प्रयास किया तो कुछ लोगों ने पुलिस को शव ले जाने से रोका और किशोर के परिजनों के आने का इंतजार करने के लिए कहा लेकिन पुलिस ने ग्रामीणों की एक न सुनी और जबरन शव गाड़ी में रख लिया। कुछ लोग शव ले जाने का विरोध करने लगे। तो पुलिस कर्मियों ने लाठियां भांजनी शुरू कर दी। कुछ लोग जब गाड़ी के पीछे से लटके तो उन्हें भी मारा। मौके पर पहुंचे किशोर के परिजनों को इस बात की जानकारी हुई तो उन्होंने पुलिस की मारपीट पर आक्रोश जताया और कार्रवाई की मांग पर अड़ गए। आला अधिकारियों ने लाठी से मारपीट करने वाले पुलिस कर्मियों पर भी कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है। पीड़ित परिवार की ओर से निजी बस चालक और मारपीट करने वाले पुलिस कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए तहरीर दी है। पुलिस ने बस चालक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है।