संभल। सिटी मजिस्ट्रेट ने गांव हजरतनगर गढ़ी में छापा मारकर झोलाछाप के अवैध क्लीनिक को सील करा दिया। नोडल अधिकारी को जांच कर प्राथमिकी दर्ज कराने के निर्देश दिए।
सिटी मजिस्ट्रेट सुधीर कुमार ने बुधवार को गांव हजरतनगर गढ़ी में क्लीनिक पर छापा मारा तो वहां एक युवक कंपाउंडर का कार्य करता मिला। उस समय एक महिला अपनी बेटी का टायफाइड का उपचार कराने के लिए आई थी। क्लीनिक में टायफाइड से पीड़ित एक बच्चा भर्ती मिला। बताया गया कि क्लीनिक हजरतनगर गढ़ी के ही व्यक्ति द्वारा संचालित किया जाता है, जो खुद को डॉक्टर बताता है। उसे बुलाने के लिए कहा लेकिन नहीं आया।
पंजीकरण तथा क्लीनिक संचालन से संबंधित अभिलेख प्रस्तुत नहीं किए गए। सिटी मजिस्ट्रेट ने सीएचसी की चिकित्सा अधिकारी डॉ. वसुंधरा को बुलाया। भर्ती बच्चे को अस्पताल में भर्ती कराने के लिए भिजवाया। सिटी मजिस्ट्रेट ने बताया कि प्रथम दृष्ट्या झोलाछाप द्वारा क्लीनिक संचालित पाए जाने की बात सामने आई।
क्लीनिक को सील कर दिया गया। स्वास्थ्य विभाग के नोडल अधिकारी डॉ. मनोज चौधरी को साक्ष्यों के आधार पर जांच कर प्राथमिकी दर्ज कराने के निर्देश दिए हैं।