brother suicide after rakshabandhan
गुन्नौर/चंदौसी। कोतवाली क्षेत्र के गांव कंहुआ में दो बहनों के इकलौते भाई ने रक्षाबंधन के तीसरे दिन रविवार की सुबह कुंडे में रस्सी का फंदा डालकर आत्महत्या कर ली। परिजनों की नजर पड़ी तो घर में कोहराम मच गया। परिजनों ने बिना पुलिस को सूचना दिए ही शव का अंतिम संस्कार कर दिया।
गुन्नौर कोतवाली क्षेत्र के कंहुआ गांव निवासी कोमिल यादव का बाइस साल का बेटा सुरेंद्र यादव पिछले दिनों मेहनत मजदूरी करने दिल्ली गया था। शनिवार की शाम को वह दिल्ली से वापस घर लौटा। वह काफी गुमसुम सा था।
परिजनों ने पूछा भी तो किसी को अपनी परेशानी नहीं बताई। वह रात के समय सोने के लिए अकेला ही दूसरी मंजिल पर चला गया। जब सुबह वह नीचे उतर कर नहीं आया तो परिजन छत पर पहुंचे। कमरे में आवाज दी लेकिन सुरेंद्र नहीं बोला। जब निगाह छत की ओर गई तो चीख निकल गई। उसे जल्दी से नीचे उतारा लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी।
परिजनों ने बताया कि उसकी पत्नी रक्षाबंधन पर अपने मायके गई है। सुरेंद्र घर में दो बहनों के बीच अकेला भाई था। इकलौता पुत्र था, हर कोई उसका खास ख्याल रखता था, लेकिन इस बार उसने अपनी परेशानी किसी से साझा नहीं की और आत्मघाती कदम उठा लिया। यही मलाल परिजनों को है। परिजनों ने बिना पुलिस को सूचित किए ही सुरेंद्र के शव का अंतिम संस्कार कर दिया।