संभल। बुधवार को भाकियू राजनीतिक ने नई तहसील परिसर में धरना दिया। किसानों ने सर्किल दर बढ़ाने और गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना के लिए जमीन देने वाले परिवारों को सरकारी नौकरी देने की मांग की। उन्होंने जल्द निर्णय न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी।
भाकियू राजनीतिक के युवा प्रदेश अध्यक्ष दिगंबर सिंह ने किसानों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि शासन-प्रशासन को किसानों की बात सुननी होगी। संभल जिले में 2016 से सर्किल दर नहीं बढ़ी है, जो चिंताजनक है। किसानों ने गंगा एक्सप्रेसवे और औद्योगिक गलियारे के लिए भूमि देने वाले परिवारों को सरकारी नौकरी देने की मांग की। साथ ही, भूमि का पुनर्मूल्यांकन कर बढ़ा हुआ मुआवजा अलग से देने की भी मांग की गई। जिलाध्यक्ष शंकर सिंह यादव ने बताया कि 21 अगस्त को ज्ञापन दिया गया था, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। इस दौरान वीरेश यादव, विजय सिंह यादव, भूरे सिंह, शिशुपाल सिंह, सतवीर सिंह, अशोक यादव आदि रहे।
अधिकारियों से हुई बहस
धरने के दौरान एसडीएम विकासचंद्र और सीओ कुलदीप कुमार मौके पर पहुंचे। सीओ ने किसान नेताओं से ज्ञापन देने को कहा। इस पर किसान नेताओं ने अधिकारियों को किसानों के बीच बैठने को कहा। इस दौरान किसानों ने सीओ पर आरोप लगाया कि बदबू आने की बात कही। इस पर बहस हुई। अधिकारी बाद में चले गए और किसानों ने करीब तीन घंटे बाद धरना समाप्त किया। सीओ कुलदीप सिंह ने बताया कि किसानों की समस्याएं सुनी हैं। लगाए गए आरोप गलत हैं। लोगों के बीच ही खड़े होकर बात की थी।