सरायतरीन। पवांसा गांव में बुखार के प्रकोप से बृहस्पतिवार की देररात संभल के निजी अस्पताल में उपचार के दौरान बीए की छात्रा हनी सागर (18) पुत्री महेंद्र सागर की मौत हो गई। गांव मेें बुखार के चलते दो मौतें पहले भी हो चुकी हैं। परिवार में कई लोग अभी भी बुखार की चपेट में हैं।
गांव पवांसा निवासी महेंद्र सागर ने बताया कि सोमवार से ही बेटी को सर दर्द और तेज बुखार आ रहा था। गांव में ही जांच कराकर उपचार कराया था। मंगलवार को बीए की परीक्षा दी थी पर बुधवार को बुखार से हालत और खराब हो गए। जिसके बाद निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। उपचार के दौरान देररात बेटी की मौत हो गई। बताया कि 28 अगस्त को भी दो लोगों की बुखार से मौत हुई थी। स्वास्थ्य सेवाओं का ग्रामीणों को कोई लाभ नहीं मिल पा रहा है।
स्वास्थ्य विभाग की सेवाओं को लेकर असमोली विधानसभा क्षेत्र की विधायक पिंकी यादव ने भी कई बार मुख्यमंत्री, स्वास्थ्य मंत्री, जिलाधिकारी और मुख्य चिकित्सा अधिकारी को ट्वीट और लिखित में शिकायत देकर शिविर लगाकर दवाई बांटने की मांग की पर कहीं कोई शिविर नहीं लग सके। जिस कारण समस्या बढ़ रही है। विधायक का कहना है कि ग्रामीण क्षेत्र में फागिंग और साफ-सफाई के कार्य भी ठप हैं, जिसको लेकर पंचायत विभाग के अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे हैं।