जुनावई(संभल)। रविवार को गंगा में बहे युवक संदीप का शव 41 घंटे बाद मंगलवार को घटनास्थल से एक किलोमीटर दूर जाल में फंसा मिला। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। परिवार में चीख पुकार मची हुई है। जनपद अलीगढ़ के दादों थाना क्षेत्र के नगरिया जाहर के रहने वाले रघुवेश के बेटे दिव्यांशु का रविवार को जुनावई थाना क्षेत्र के गांव सांकरा गंगा घाट पर मुंडन संस्कार का कार्यक्रम था। कार्यक्रम में शामिल होने आए राम बाबू का 12 वर्षीय पुत्र नीतेश कुमार गहरे पानी में स्नान करने के कारण बह गया था। उसे बचाने के लिए उनके साथ आए संदीप पुत्र गीतम सिंह, देवेंद्र सिंह पुत्र प्रकाश, रिंकू पुत्र खिलाड़ी भी गंगा में कूद गए। गंगा में गहरा पानी होने के कारण चारों डूबने लगे। घाट पर मौजूद गोताखोरों ने गंगा में छलांग लगा कर नीतेश, देवेंद्र, रिंकू को सुरक्षित बाहर निकाल लिया था। जबकि संदीप गंगा में बह गया। तब ही से संदीप की गंगा में तलाश हो रही थी। सोमवार को बरेली पीएसी ओर मुरादाबाद से एसडीआरएफ टीम ने भी सर्च अभियान चलाया। शाम तक मशक्कत करने के उपरांत दोनों टीमें वापस लौट गईं थीं। राजघाट से गोताखोरों को बुलाया गया। गोताखोरों ने एक किलोमीटर दूर सोमवार को जाल लगाया था। मंगलवार सुबह साढ़े पांच बजे करीब संदीप कुमार का शव जाल में फंसा हुआ मिला। सूचना पर परिजन और थाना पुलिस पहुंच गई। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। संदीप अपने पीछे माता-पिता एवं भाई बहनों को रोते बिलखते हुए छोड़ गया है।