वायरल बुखार, टाइफाइड और मलेरिया का सीजन अभी थमा नहीं है। पौटा बराही में दो सौ से अधिक बीमार है। उपचार के लिए निजी अस्पतालों में मरीज जा रहे हैं। या फिर गांव के आसपास झोलाछाप चिकित्सकों से दवाएं ले रहे हैं।
ग्रामीणों ने बताया कि एक महीने से बीमारियों की चपेट में है। स्वास्थ्य विभाग की टीम सिर्फ एक बार पहुंची। रस्म अदायगी करके लौट गई। जबकि गांव में कम से कम सात दिनों तक टीम भेजे जाने की जरूरत थी।
गांव के निवासी गोपीचंद ने सीएमओ से एक बार फिर गांव में टीम भेजने की मांग की है। संभल में कांग्रेसी नेता राजेश्वरी त्यागी ने स्वास्थ्य विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि गांव गांव बीमारी फैली है लेकिन गांवों में स्वास्थ्य सेवाएं देने के प्रति महकमा गंभीर नहीं है।