चंदौसी। जिलाधिकारी अविनाश कृष्ण सिंह ने कलक्ट्रेट सभागार बहजोई में गेहूं खरीद की व्यवस्था की समीक्षा की। किसानों से भी बातचीत की तो गेहूं क्रय केंद्र प्रभारियों द्वारा किसानों से अवैध वसूली करने के मामले सामने आए। जिन्हें गंभीरता से लेते हुए आदेश दिया कि यदि किसानों से वसूली गई तो केंद्र प्रभारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जेल भेजा जाएगा।
जिला अधिकारी अविनाश कृष्ण सिंह ने सभी केंद्र प्रभारियों और संबंधित अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि किसानों से कोई भी अवैध वसूली न की जाए। यदि ऐसा कोई मामला सामने आए तो बिना किसी देरी के एफआईआर दर्ज कराकर आरोपी को गिरफ्तार किया जाए। एसडीएम को निर्देश दिए कि गेहूं क्रय केंद्रों का निरीक्षण करें। किसानों को कोई असुविधा नहीं होनी चाहिए। बीडीओ भी अपने क्षेत्रों में गेहूं क्रय केंद्रों का निरीक्षण करें। सभी मंडी सचिवों को निर्देश दिए कि क्रय केंद्रों पर जाकर गेहूं की खरीदारी शत-प्रतिशत कराएं। किसानों का भुगतान 72 घंटे में हो जाना चाहिए।
किसान का गेहूं साफ सुथरा है, तो उससे 20 रुपये से अधिक शुल्क न ली जाए। सभी केंद्र प्रभारियों को गेहूं खरीद का खरीद लक्ष्य निर्धारित गया है। जिला पंचायत राज अधिकारी जाहिद हुसैन को निर्देशित किया कि गांव के प्रधानों के साथ बैठकें करके गेहूं खरीद में सहयोग मांगा जाए। सभी एडीओ (कृषि) गेहूं की जांच कर बताएं कि क्षेत्र में गेहूं का उत्पादन कितना हुआ, कितना गेहूं सही है, कितना गेहूं काला है।
उसका प्रतिशत निकालकर आख्या प्रेषित करें। सभी गेहूं खरीद एजेंसियों को निर्देश दिए यदि सेंटर पर गेहूं कम आता है तो गांव में जाकर अपना कांटा लगाएं। केंद्र प्रभारियों व एजेंसियों से कहा कि बारदाना न होना, केंद्र का बंद होना, तोल नहीं होना, किसानों का शोषण, अवैध वसूली, 72 घंटे में भुगतान न होना आदि की शिकायतें कंट्रोल रूम नंबर पर आए और उनका निराकरण समय पर नहीं हुआ तो संबंधित अधिकारी कड़ी कार्रवाई के लिए तैयार रहें। इसमें सीडीओ उमेश कुमार त्यागी, एडीएम लवकुश कुमार त्रिपाठी, सभी उपजिलाधिकारी, खाद्य विपणन अधिकारी विजेता सिंह, जिला विकास अधिकारी, परियोजना निदेशक (डीआरडीए), जिला पंचायत राज अधिकारी जाहिद हुसैन, मिथलेश कुमार, सभी खंड विकास अधिकारी, केंद्र प्रभारी, मंडी सचिव इत्यादि उपस्थित रहे। चंदौसी के तहसीलदार बैठक में शामिल नहीं हुए, इस पर उन्हें चेतावनी जारी की गई है।