सहारनपुर। मिशन अंत्योदय के तहत चयनित हुए जिले के 162 गांवों को गरीबी मुक्त बनाने की योजना कागजों में ही कैद है, धरातल पर नहीं उतरी है। इस योजना के बारे में ग्रामीणों को जानकारी तक नहीं है। ऐसे में योजना का लाभ कैसे मिले।
जून 2018 में मिशन अंत्योदय के तहत गांवों को गरीबी मुक्त बनाने की योजना लागू की गई थी। जिले में यह योजना अक्तूबर में शुरू हुई। जिला ग्राम्य विकास अभिकरण विभाग ने सहारनपुर ने 11 ब्लॉक के 162 गांव चयनित किए। चयनित गांवों कई विभागों द्वारा कार्य कराए जाने थे, लेकिन चार साल बीतने के बाद भी योजना धरातल पर नहीं उतरी है। योजना सिर्फ कागजों में ही संचालित हुई है।
नहीं मिला कोई लाभ
गरीबी मुक्त योजना के तहत ग्रामीण स्तर पर पात्रों के राशन कार्ड, बेरोजगार को रोजगार उपलब्ध कराए जाने थे। गांव महंगी निवासी बाला देवी, लीला, सुरेशो, करेशन का कहना है कि उन्हें पेंशन का लाभ ही नहीं मिला है। इसके लिए आवेदन भी किया था, लेकिन पेंशन नहीं मिल पाई है। ग्रामीणों को इस योजना के बारे में जानकारी नहीं है। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि चौधरी अब्बास अली का कहना है कि इस योजना की उन्हें कोई जानकारी नहीं हुई है। 80 वर्षीय जफर और 60 वर्षीय जनेश्वर प्रसाद का कहना है कि उन्हें पेंशन योजना के तहत आवेदन किया, लेकिन न तो पेंशन ही प्राप्त हुई तथा नहीं गरीबी दूर करने के लिए बेरोजगारों को रोजगार मिला है। गांव खुशहालीपुर निवासी राजेश पाल का कहना है कि गांव को गरीबी मुक्त बनाए जाने की योजना चल रही है, इस बारे में उन्हें जानकारी हीं नहीं है।
होने थे यह कार्य
- चयनित गांवों में बेरोजगारी खत्म करनी थी
- कच्चे मकानों को पक्का बनाना था
- बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं और पक्की सड़कें बनाई जानी थीं
- ग्रामीणों के स्वयं समूह का गठन करना था
- पथ-प्रकाश की व्यवस्था, पशु-पालन के लिए सरकारी मदद दिलाई जानी थी।
- तमाम योजनाओं का लाभ ग्रामीणों को दिलाया जाना था
इन गांवों का हुआ था चयन
ब्लॉक बलियाखेड़ी के गांव शेरपुर गुर्जर, रूपड़ी गुर्जर, ईघरी, बलेड़ा जुनारदार, कपूरपुर, कुरड़ीखुर्द, पापड़ेकी रसूलपुर, पैरागपुर, शेखपुर छाछरेकी, सुभरी मेहराब, छपरेड़ी, चांदनपुर, फकरेड़ा, फीराहेड़ी, जंधेड़ी, नंदी, गढ़ौला, मुजफ्फराबाद के गांव पठलोकर, बाकरपुर, बादशाहपुर, बबैल बुजुर्ग, दयालपुर, मोहम्मद हुसैनपुर, मुस्सापुर, मलकपुर, पिठौरी, चिम्माबांस, भाकरोड़़, भूलनी, पथरवा, पाजराना, पानसर, चांडी, चौंदाहेड़ी, जयंतीपुर, टोली, खुशहालीपुर, पुवांरका के गांव लंढौरा जुनारदार, चंद्रौली, मथाना, खुर्द, पीकी, पाडली खुशहालपुर, रजापुर, सिंभालकी जुनारदार, सलेपुरगाड़ा, जमालपुर, आसनवाली, गोकलपुर, गदनपुरा, लुढाली, रामपुर मनिहारान के गांव खतकाहेड़ी, बुड्ढाखेड़ा संतलाल, कुतबा, कल्लरपुर राजपूत, भांकला, कल्लरपुर गुर्जर, सकतपुर, सांचलू, डकरावकलां, चेहड़ी, जगरौली, नौरंगपुर, नुसरतपुर, टपरी, दुहारकी, सरसावा के गांव बरथाकायस्थ, सलेमपुर, मंझार, भिक्कनपुर, पठेड़, पहलवानपुर, सरूरपुरगाढ़ा, सरसोहड़ी, अहाड़ी, हरड़ाखेड़ी, सलूनी, औरंगजेबपुर, सढ़ौली कदीम के गांव इस्माइलपुर, मोहिद्दीनपुर, पठानपुरा मुस्तफा, फतेहपुर, जंधेड़ी, अंबेहटा, टांडा, असलमपुर बरथा, बहरामपुर, मझाड़ी, कांसेपुर, कसमपुर मजरा पाडली, देवबंद के गांव बास्तम, खेड़ीआसा, बढ़ेड़ी मजबता, महतौली, रामपुर निजामपुर, सुल्तानपुर, नूरपुर, नगलीनूर, अमरपुर नैन, अंबेहटाशेख, सांरवनकला, बहादुरपुर, चकरामबाड़ी उर्फ लालवाला, नकुड़ के गांव शाहपुर मजबता, बुल्लेवाला, मच्छरहेड़ी, सिंहखेड़ा, भैरमऊ, पदमनगली, रसूलपुर, सढ़ौली, जाजवा, जगहैती नजीब, जगहैता गुर्जर, नगला उर्फ नसीराबाद, लुंढी, लुंढा, लतीफपुर, नानौता के गांव बरसा, कलापुर बकडौली, कातला, कंजाली, दादनपुर, जंधेड़ी, नन्हेड़ाखुर्द, फतेहपुर, नन्हेड़ाकलां, आभा, शब्बीरपुर, नागल के गांव शीतलाखेड़ा, बंदरजुड्डा, कौरवा, मनोहरपुर, नियामतपुर, रणमलपुर, सरकड़ी, नागल ब्लॉक के गांव सुहागिनी, फतेहपुर कलां, जाटौल, जैनपुर, अल्हणपुर, बिलासपुर, तांशीपुर, शेरमऊ, गंगोह के गांव शेरमऊ, खानपुर गुर्जर, झाड़वन, खालिदपुर, रादौर, बरसती, कैंडल, महंगी, मोहड़ा, मुबारिकपुर, मनोहरा, रंगैल, सुखेड़ी, चकवाली, लखनौती, चाऊपुरा, नैनखेड़ी, गंगोह मजबता शामिल हैं।
अंत्योदय मिशन के तहत शुरू हुई योजना के शुरुआत में लोगों को लाभ मिला है। इसके बाद योजना के लिए कोई बजट नहीं आया और न ही शासन की ओर इस योजना को आगे बढ़ाया गया है।
-विजय कुमार, मुख्य विकास अधिकारी