रणदेवा गांव में गिरा महल का दरवाजा।
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अंबेहटा (सहारनपुर)। कई दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश के कारण रणदेवा गांव में स्थित ऐतिहासिक महल का मुख्य द्वार भरभरा गिर गया है, जिसके मलबे में बराबर में रहे एक व्यक्ति का मकान भी दब गया है, घटना में किसी प्रकार की जानमाल की हानि नहीं हुई है। ग्रामीणों ने पुरातन विभाग पर महल की अनदेखी का आरोप लगाते हुए मरम्मत की मांग की है। गांव के पूर्व प्रधान सतीश चंद, नरेश शर्मा, विजयपाल, बृजेश कुमार, हंसराज, अनुज, राम भगत शर्मा आदि ने बताया कि गांव में करीब 400 वर्ष पूर्व प्यारे जी महाराज की याद में उनके अनुयायियों द्वारा यह महल बनवाया गया था। देखभाल के अभाव में महल निरंतर जर्जर स्थिति में होता चला गया। ग्रामीणों ने बताया कि शुक्रवार की सुबह करीब 7:45 बजे महल का मुख्य द्वार का एक हिस्सा गिर गया है महल के बराबर में रहने वाले राजेंद्र पुत्र किशोरी चंद्र के मकान का एक कमरा भी मलबे में दब जाने से गिर गया। गनीमत रही कि घटना में किसी प्रकार की कोई जान माल की हानि नहीं हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि पुरातन विभाग द्वारा महल की देखभाल की जाती रहती तो महल को बचाया जा सकता था। ग्रामीणों ने महल की मरम्मत कराए जाने की मांग की है