सहारनपुर। गैर इरादतन हत्या के मामले में साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर अदालत ने चार आरोपियों को सात साल की सजा सुनाई है। इसी मामले में दर्ज हुए क्रॉस केस में तीन आरोपियों को पांच साल के कारावास की सजा सुनाई गई है।
एसएसपी डाॅ. विपिन ताडा ने बताया कि दोनों मामलों में पुलिस ने सशक्त पैरवी की। उन्होंने बताया कि कोतवाली नकुड़ क्षेत्र के गांव रणदेवा में एक ही परिवार के दो पक्षों में जून 2011 में मारपीट हुई थी, जिसमें एक पक्ष के ईसम सिंह की जान चली गई थी। मृतक के पुत्र विकास ने दूसरे पक्ष के सुभाष, भूपेंद्र, सुरेंद्र और सतेंद्र के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जांच के बाद पुलिस ने अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया था। जिला शासकीय अधिवक्ता राजीव गुप्ता ने बताया कि साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर जिला जज बबीता रानी ने चारों आरोपियों को दोषी मानते हुए सात साल की सजा सुनाई है।
इसी मामले में दूसरे पक्ष ने भी जानलेवा हमला की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। वादी सुभाष का आरोप था कि दूसरे पक्ष ने उसके भाई सुरेंद्र पर जानलेवा कर घायल कर दिया है। पुलिस ने विनोद कुमार, प्रमोद कुमार, मुकेश कुमार के खिलाफ हत्या के प्रयास की रिपोर्ट दर्ज की थी। जिला शासकीय अधिवक्ता के मुताबिक, इस मामले की सुनवाई भी जिला जज बबीता रानी की अदालत में हुई। अदालत ने तीनों आरोपियों पर दोष सिद्ध होने पर पांच साल की सजा सुनाई है। इसके साथ ही 63 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।