बड़गांव (सहारनपुर)। तहसील प्रशासन ने बैंक से मिलीभगत कर मृतक किसान के एक बेटे का बैंक खाता सीज कर आरसी के 24 लाख रुपये निकाल लिए। पैसा वापस पाने को पीड़ित अधिकारियों के चक्कर लगा कर थक चुका है।
बड़गांव थाने के गांव टपरी निवासी ईलम चंद की वर्ष 2013 में मृत्यु होने के बाद विरासत में मृतक की जमीन उसके बेटों मानसिंह, राजेंद्र, हरपाल, कंवर पाल सहित पांच हिस्सों में बंटी थी।
मृतक किसान की जमीन पर बिजली विभाग व बैंक का करीब बीस लाख का कर्ज बकाया था। कर्ज बकाया होने के बाद भी तहसील रामपुर मनिहारन में मृतक के वारिसों के नाम जमीन दर्ज हो गई। कर्ज की अदायगी नहीं होने पर तहसील रामपुर मनिहारन ने मृतक किसान के आश्रितों के नाम आरसी जारी कर रखी थी। आरोप है कि हल्का संग्रह अमीन व यूनियन बैंक शाखा बड़गांव ने मिलीभगत कर मृतक के एक बेटे मानसिंह का बीते मई माह में खाता सीज कर दिया। अब तहसील प्रशासन के निर्देश पर बैंक ने किसान मानसिंह के बैंक खाते से 24 लाख रुपये तहसील खाते में ट्रांसफर कर दिए। पीड़ित किसान पैसा वापस पाने को तहसील से लेकर डीएम तक गुहार लगा चुका है। पीड़ित किसान का कहना है कि वह पिता की विरासत का पांचवा हिस्सेदार है तो पिता की जमीन पर कर्ज में भी पांचवें हिस्से का देनदार है, लेकिन उसके बावजूद भी प्रशासन ने मनमानी के चलते सारा कर्ज उसके खाते से काट लिया। उधर, एसडीएम रामपुर मनिहारन संगीता राघव का कहना है कि मामले की जांच कराकर दोषी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।