सहारनपुर। आवास विकास परिषद की कॉलोनियों में तेजी से भूमि उपयोग (लैंड यूज) में परिवर्तन किया जा रहा है। सड़कों किनारे बने आवासीय भवनों को तोड़कर व्यावसायिक भवन के रूप में बदल दिया गया है, जो कि नियम विरुद्ध है। आवास विकास परिषद ने ऐसे 90 भवन स्वामियों को नोटिस जारी किए हैं।
जैन कॉलेज क्षेत्र के आसपास की नए एवं पुराने आवास विकास में बीते दो दशक में बड़ी संख्या में भवन स्वामियों ने अपने भवनों को आवासीय से व्यावसायिक में परिवर्तित किया है। इलाहीपुरा से लेकर जैन कॉलेज तक और उसके आगे पुराने आवास विकास की प्रमुख सड़कों किनारे के आवासीय भवनों को व्यावसायिक बनाया गया है। जरूरी सामान की छोटी दुकानों ही नहीं, बल्कि बड़े शोरूम तक बना दिए गए हैं। नगर निगम के नलकूप के पास तो आवास की जगह शॉपिंग मॉल बना दिया गया है, जबकि नियम यह है कि यदि कोई अपनी भूमि के उपयोग में परिवर्तन चाहता है तो उसके लिए आवास विकास परिषद की अनुमति जरूरी है। अब आवास विकास परिषद ने ऐसे 90 भवन स्वामियों को नोटिस जारी कर जवाब देने को कहा है।
अब नहीं चलेगी मनमानी
आवास विकास कॉलोनियों में भू उपयोग बदलने वालों की मनमानी अब नहीं चलेगी। दरअसल, आवास विकास परिषद को प्रवर्तन दल मिल गया है, जिसमें पूरी टीम रहेगी, जो आवासीय भवनों को व्यावसायिक रूप देने वाले निर्माण कार्यों को रोकेगी। इसके बाद आवास विकास परिषद कानूनी कार्रवाई करेगा। प्रवर्तन दल मेरठ में बैठता है।
आवास विकास में कई लोगों ने आवासीय भवनों को व्यावसायिक बनाया हुआ है। 90 भवन स्वामियों को नोटिस जारी किए गए हैं। मनमाने तरीके से भू उपयोग बदलने वालों को रोकने के लिए हर संभव कदम उठाया जाएगा।
- नंद किशोर, अधिशासी अभियंता, आवास विकास परिषद