सहारनपुर। शासन ने अब आयुष्मान भारत योजना से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों को जोड़ने के आदेश दिए हैं। जिन पीएचसी में 24 घंटे मरीजों के भर्ती की सुविधा है, उन्हें ही योजना में शामिल किया जाएगा, लेकिन हैरानी की बात यह है कि जिले में 38 पीएचसी में से मात्र एक सीचएसी ऐसी है जहां पर मरीजों को भर्ती किया जा सकता है।
मरीजों को सरकारी अस्पतालों में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिले, इसको लेकर शासन खासा गंभीर है। अब शासन ने आदेश दिए हैं कि जिन प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में 24 घंटे भर्ती की सुविधा है, उन्हें आयुष्मान भारत योजना से जोड़ें, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को बेहतर उपचार मिले। जिले में 38 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र संचालित होते हैं। इनमें से मुजफ्फराबाद ब्लॉक का प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ऐसा है, जहां पर मरीज भर्ती किए जाते हैं। बाकी 37 पीएचसी में केवल ओपीडी ही चलती हैं। भर्ती करने की कोई सुविधा नहीं है। इससे साफ है कि जिले की एक ही सीएचसी आयुष्मान भारत योजना के मानकों को पूरा कर रही है।
एक नजर में आयुष्मान भारत योजना
आयुष्मान लाभार्थी - 8,67,367
गोल्डन कार्ड बने - 9,04,791
लाभांवित परिवार - 2,33,598
अनुबंधित अस्पताल - 90
सरकारी अस्पताल - 24
निजी अस्पताल - 66
(नोट : गोल्डन कार्ड बनाए जाने का आंकड़ा अक्तूबर का है)
आयुष्मान भारत योजना से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों को जोड़ने का आदेश प्राप्त हो गया है। इसमें कहा गया कि जिन प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में 24 घंटे भर्ती की सुविधा है, उन्हें ही शामिल किया जाएगा। हम ऐसी पीएचसी का पता कर रहे हैं।
-डॉ. धर्मवीर सिंह, नोडल अधिकारी, आयुष्मान भारत योजना