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Saharanpur News: पांच कंपनियों की गड़बड़ी पकड़ीं, 3.50 लाख का जुर्माना वसूला

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ई-कॉमर्स प्लेटफाॅर्म पर बाट माप विभाग ने गड़बड़ी मिलने पर लगाया जुर्माना
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-मोबाइल कंपनी वन प्लस, रियल-मी, पेंट की एशियन कंपनी शामिल
-विभाग ने चार कंपनियों को नोटिस भेजकर किया जवाब-तलब
संवाद न्यूज एजेंसी
सहारनपुर। कुछ ऑनलाइन कंपनियां आपके मंगाए गए सामान में घटतौली कर रही है। बांट माप विभाग ने ई-कॉमर्स की पांच कंपनियों की गड़बड़ियां पकड़ी हैं। वन प्लस मोबाइल कंपनी सहित पांच पर 3.50 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। इसके साथ ही चार कंपनियों को नोटिस भेजकर जवाब तलब किया। जवाब आने के बाद इन पर भी जुर्माना तय कर वसूली की कार्रवाई होगी।
पिछले दिनों विधिक माप विज्ञान (बांट माप) विभाग ने ई-कॉमर्स कंपनियों की वेबसाइट पर जाकर उत्पादों के मूल्य सहित अन्य जांच की। जांच के दौरान कुछ कंपनियां गड़बड़ी करती पाई गई। विज्ञापन के जरिए उपभोक्ताओं को गुमराह किया जा रहा था। विधिक माप विज्ञान विभाग के वरिष्ठ निरीक्षक राजेंद्र चौरसिया ने बताया कि ई-कॉमर्स ऑनलाइन की कुछ कंपनियां कम वजन और मात्रा लिखने में हेराफेरी करती है। जांच के दौरान ई-कॉमर्स कंपनियों की गड़बड़ी पकड़ी गई हैं। रियल-मी और वन प्लस कंपनी के मोबाइल पर मूल्य अंकन नियमानुसार नहीं मिला। पैकेज कमोडिटी एक्ट 2011 (पीसीआर) के तहत रियल-मी कंपनी पर एक लाख पांच हजार रुपये और वन प्लस कंपनी से 75 हजार रुपये का जुर्माना वसूल किया। इनके साथ ही एशियन पेंट के डिब्बे पर उद्घोषणाएं नहीं पाई गई। इस पर विभाग ने 50 हजार रुपये का जुर्माना वसूला है।
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गारमेंट्स की प्राइवेट लिमिटेड कंपनी एफएनपी के उत्पाद पर साइज का अंकन अमानक पाया गया। इस कंपनी ने भी गलती स्वीकार की और 50 हजार रुपये का जुर्माना भरा। स्मार्ट वॉच की कंपनी पर 70 हजार का जुर्माना लगाकर वसूला गया। इनके अलावा स्मार्ट वॉच की तीन कंपनियों को नोटिस दिए गए। एक कंपनी के उत्पाद का साइज भी गलत मिला। इसे भी नोटिस दिया गया है।
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ई-कॉमर्स प्लेटफाॅर्म पर कार्यरत ऑनलाइन कंपनियों द्वारा पैकेज कमोडिटी एक्ट 2011 के नियमों का उल्लंघन करने पर पांच कंपनियों पर जुर्माना लगाकर 3.50 लाख रुपये वसूले गए है। चार कंपनियों को नोटिस जारी किए गए। ऑनलाइन कंपनियों द्वारा मंगाए गए सामान की जांच जरूर करें। कई कंपनियों की गड़बड़ी पकड़ी गई हैं।

स्वाति कौशिक, सहायक नियंत्रक, विधिक माप विज्ञान विभाग
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