तीतरों। निर्माणाधीन शामली-अंबाला हाईवे में अधिग्रहीत की गई जमीन के बदले मुआवजे की मांग को लेकर प्रभावित किसान 11 वें दिन भी धरना स्थल पर डटे रहे।
तीतरों क्षेत्र के चार गांवों के किसान सरकार से पट्टे की भूमि का अधिग्रहण करने के बाद बदले में मुआवजा दिए जाने की मांग कर रहे हैं। अपने मांग को लेकर वे रात दिन अधिग्रहीत जमीन पर धरना दे रहे हैं। उनका कहना है कि वे मुआवजा मिलने तक हाईवे अथाॅरिटी को जमीन पर कब्जा नहीं लेने देंगे। राजपाल सिंह, अनिल कश्यप, राजू कश्यप, रामसिंह कश्यप, मांगा बाल्मिकी, कुंता देवी, सुमन देवी, सरोज देवी, बबली, सादाब, राजू गुर्जर, मोनू कश्यप आदि किसानों का कहना है कि अधिकारी और जन प्रतिनिधि संवेदनहीन हो गए हैं। उनका कहना है कि भले ही कितने भी दिन हो जाएं वे बिना मुआवजा लिए यहां से उठने वाले नहीं हैं।