बिजली घर सरसावा पर धरना देते भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ता
सरसावा। भारतीय किसान यूनियन की पंचायत में बुलाने के बावजूद विद्युत अधिकारियों के ना आने पर गुस्साए किसानों ने बिजली घर का घेराव किया। इस दौरान नगर के पेस्टीसाइड विक्रेता के विरुद्ध नकली दवा तथा पेस्टीसाइड बेचने का आरोप लगा रोष जताते हुए अधिकारियों को शिकायत करने का निर्णय भी लिया।
सोमवार को सरसावा स्थित खंड विकास कार्यालय के परिसर में भाकियू की मासिक पंचायत आयोजित हुई। इसमें गांवों में बदहाल विद्युत व्यवस्था के प्रति अधिकारियों को जवाबदेह बनाते हुए पंचायत में आने को कहा गया। परंतु कोई भी विद्युत अधिकारी पंचायत नहीं पहुंचा। इससे गुस्साए यूनियन के कार्यकर्ता बिजलीघर सरसावा पर धूप में ही धरना देकर बैठ गए। किसानों के घेराव करने की सूचना के बाद एसडीओ सरसावा तथा चिलकाना बिजलीघर पहुंचे तथा किसानों से संवाद करते हुए देरी से पहुंचने पर खेद प्रकट किया। जिसके उपरांत किसानों ने अधिकारियों के समक्ष अपनी मांगें रखते हुए धरना समाप्त कर दिया। भाकियू की पंचायत में सरसावा में अंबाला रोड स्थित एक खाद बीज आदि बेचने वाले एक दुकानदार पर नकली पेस्टीसाइड बेचने का आरोप लगाया। पंचायत में मौजूद किसान ने कहा की उसने इसी दुकान से गेहूं की फसल पर किया जाने वाला पेस्टीसाइड स्प्रे खरीदा। जिससे उसकी 26 बीघा गेहूं की फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई। जिस कारण उसे करीब तीन लाख रुपये का आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा। भाकियू कार्यकर्ताओं ने उक्त पेस्टीसाइड विक्रेता की शिकायत जिले के अधिकारियों से करने की बात तय की। पंचायत में ग्रामीण क्षेत्रों में जलापूर्ति के लिए डाली जा रही पाइप लाइन के लिए खोदाई की जा रही सड़कों की मरम्मत कराने की मांग करते हुए खंड विकास अधिकारी को ज्ञापन सौंपा गया।
पंचायत में सरदार भूपेंद्र सिंह भोला, सरसावा ब्लॉक अध्यक्ष ओमबीर सिंह, जिला उपाध्यक्ष सुरेश सैनी, सरदार जगतार सिंह, सरदार सुरेंद्र सिंह लाडी, आदिल, नाजिम आदि रहे।