सहारनपुर के बेहट में प्रेमिका को मौत घाट उतारने वाले हरिओम ने पुलिस के सामने दिल दहला देने वाला खुलासा किया। प्यार में धोखा मिलने से हरिओम इस कदर बौखला गया कि उसने पहले महिला की बेरहमी से पिटाई की और उसके बाद उसका गला दबा दिया।
इसके बाद उसने उसे करंट लगाया और उसके बाद छत पर ले जाकर नीचे फेंक दिया। यहां से उसे कंधे पर उठाकर गांव से करीब डेढ़ किलोमीटर दूर जंगल में ले जाकर उस पर फावड़े से कई वार किए। इसके बाद ही उसने गड्ढा खोदकर शव को दफनाया।
मिरगपुर पांजूवाला में हुए इस दिल दहला देने वाले हत्याकांड के आरोपी हरिओम को रंजीता का कत्ल करने का कोई अफसोस नहीं है। पुलिस हिरासत में जब उसे कोर्ट ले जाया जा रहा था,
तो मीडियाकर्मियों ने उसे रंजीता की बेरहमी से हत्या करने की वजह पूछी तो तपाक से बोला - रंजीता गलत थी। इसलिए मार दिया। न तो उसे अपने किए का कोई पछतावा था और न ही किसी बात का डर।
कोतवाली प्रभारी निरीक्षक नरेश चौहान ने बताया कि रंजीता के पति की पांच साल पहले मौत हो गई थी। रंजीता चार बच्चों की मां थी। उसके तीन लड़कियां और एक लड़का है। जादोराम की मौत के बाद हरिओम के रंजीत से प्रेम संबंध हो गए थे।
कुछ दिनों से दोनों में खटपट चल रही थी। उन्होंने बताया कि हरिओम ने पूछताछ में बताया कि रंजीता के गांव के ही किसी और व्यक्ति से संबंध हो गए थे, जिसका वह विरोध कर रहा था, लेकिन रंजीता नहीं मानी।
16 जून की रात 9 बजे वह उसके घर पहुंचा और उसने उसकी बेरहमी से पिटाई करने के बाद गला दबा दिया। इसके बाद उसने उसे करंट लगाया और मकान की छत पर ले जाकर नीचे फेंक दिया।
इसके बाद उसे कंधे पर उठाकर जंगल में ले गया। दूर जंगल में उसने साथ में ले जाए गए फावड़े से रंजीता पर कई वार किए और फिर उसे दफना दिया। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त फावड़ा भी बरामद कर लिया है।