स्कूल प्रबंधक के मर्डर पर लोगों को समझाते एसएसपी सहारनपुर।
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सहारनपुर में बड़गांव स्थित पैरामाउंट पब्लिक स्कूल के प्रबंधक सुभाष राणा (41 वर्ष) की बृहस्पतिवार रात अपहरण के बाद हत्या कर दी गई। हत्या से पहले बदमाशों ने उनके परिजनों से दो लाख रुपये की फिरौती मांगी थी। शुक्रवार सुबह उनका गोली लगा शव ग्राम मोरा के जंगल में एक धान के खेत में पड़ा मिला। उनके दाहिनी ओर सीने में गोली मारी गई थी।
आक्रोशित लोगों ने महाराणा प्रताप चौक पर शव रखकर जाम लगा दिया। डीएम के 24 घंटे में बदमाशों की गिरफ्तारी और परिवार को अधिक से अधिक मुआवजे दिलाने की संस्तुति करने के आश्वासन पर ग्रामीणों ने जाम खोला। सुभाष राणा पुत्र बिरम सिंह ग्राम बालू माजरा के रहने वाले थे। वह बृहस्पतिवार रात लगभग साढ़े नौ बजे स्कूल से बाइक पर घर के लिए निकले थे, लिंक नहर पर गांव के मोड़ पर बदमाशों ने उनका अपहरण कर लिया। गांव के ही राकेश से भी बदमाशों ने बाइक लूट ली।
बदमाशों ने अपहृत सुभाष के मोबाइल से उनके घर फोन कर दो लाख रुपये की फिरौती मांगी थी। परिजनों की सूचना पर एसपी देहात विद्यासागर मिश्र पुलिस व एसओजी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और कांबिंग शुरू करा दी। पुलिस को बदमाशों की लोकेशन शामली के उमरपुर गांव के जंगल में मिली। इसी बीच कुछ लोगों को सुभाष की एक चप्पल कीचड़ में धंसी हुई मिली,उनकी बाइक नहर से बरामद कर ली गई।
सुबह होने पर लिंक नहर के पास दिखीं खून की बूंदों के सहारे लोग मोरा निवासी धर्मपाल के धान के खेत में पहुंचे तो वहां शव मिल गया। पास के खेतों में उनका मोबाइल, पेंसिल एवं एटीएम कार्ड पड़ा मिला। लोग खेत से शव को उठाकर पैरामाउंट स्कूल लेकर पहुंचे और हंगामा शुरू कर दिया। एसएसपी उपेंद्र कुमार अग्रवाल, एसपी देहात, सीओ देवबंद ने लोगों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन लोग बदमाशों की गिरफ्तारी एवं परिजनों को 25 लाख रुपये का मुआवजा दिलाने की मांग करने लगे।
डीएम को मौके पर न बुलाए जाने से गुस्साए लोगों ने महाराणा प्रताप चौक पर शव रखकर जाम लगा दिया। बाद में पहुंचे डीएम आलोक कुमार पांडेय के आश्वासन पर लोग शांत हुए। मृतक सुभाष के भाई सुरेंद्र ने अज्ञात में एफआईआर दर्ज कराई है। एसएसपी उपेंद्र कुमार अग्रवाल का कहना है कि कुछ सुराग पुलिस के हाथ लगे हैं, जिनसे बदमाशों के शीघ्र पकड़े जाने की उम्मीद है।