सहारनपुर शहर में अवैध रूप से नशा परोस रहे हुक्का बारों और मेडिकल स्टोर्स के खिलाफ तंबाकू नियंत्रण प्रकोष्ठ ने अभियान छेड़ दिया है। प्रकोष्ठ की टीम ने बृहस्पतिवार को थाना जनकपुरी क्षेत्र में अवैध रूप से चल रहे हुक्का बार को बंद कराते हुए हुक्का और तंबाकू आदि जब्त किया।
चूंकि पुलिस साथ थी। ऐसे में किसी तरह का विरोध नहीं हो सका। इतना ही नहीं, हुक्का बार के मालिक से जुर्माना भी वसूला गया। भविष्य में हुक्का बार चलता मिलने पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई। डीएम पीके पांडेय, एसएसपी बबलू कुमार और सीएमओ डॉ. बीएस सोढ़ी ने तंबाकू नियंत्रण के लिए अभियान चलाने के निर्देश दिए थे।
अभियान की शुरूआत बृहस्पतिवार से शुरू कर दी गई। तंबाकू नियंत्रण प्रकोष्ठ के नोडल अधिकारी एके त्रिपाठी और जिला सलाहकार मुदस्सर अली को प्रत्येक महीने इसकी रिपोर्ट डीएम और एसएसपी को सौंपने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रकोष्ठ ने अभियान की शुरूआत बृहस्पतिवार को कर दी। प्रकोष्ठ की टीम ने थाना जनकपुरी इंचार्ज शैलेंद्र शर्मा को साथ लेकर लिंक रोड पर अवैध रूप से एक रेस्टोरेंट में चल रहे हुक्का बार को बंद कराया। टीम ने कई हुक्के और तंबाकू आदि जब्त किया। रेस्टोरेंट के मालिक से जुर्माना वसूला गया। उसने लिखकर दिया कि रेस्टोरेंट में भविष्य में हुक्का बार नहीं चलाया जाएगा। टीम ने भविष्य में हुक्का बार चलता मिलने पर कार्रवाई करने की चेतावनी दी।
तंबाकू नियंत्रण प्रकोष्ठ ने डीएम और एसएसपी के निर्देश पर अभियान की शुरूआत कर दी है। बृहस्पतिवार को मात्र एक हुक्का बार पर कार्रवाई की गई, जबकि शहर में अनेक जगहों पर अवैध रूप से हुक्का बार संचालित हो रहे हैं। इनकी सबसे अधिक संख्या कोतवाली सदर बाजार और थाना जनकपुरी क्षेत्र में है।
सूत्रों न बताया कि कई जगहों पर अवैध रूप से चल रहे हुक्का बार की जानकारी पुलिस को है, मगर अभी तक किसी भी बार पर कार्रवाई नहीं हो सकी है। तंबाकू नियंत्रण प्रकोष्ठ ने अभियान शुरू किया है, मगर रेलवे स्टेशन के आसपास की अनेक दुकानों पर खुले तौर पर नशा बेचा जा रहा है।
यहां गांजा, अफीम, चरस और भांग आदि तक भारी मात्रा में सप्लाई होती है। दिन भर नशेड़ी भांग और चरस के नशे में सड़क के किनारे पड़े रहते हैं। ऐसे में प्रकोष्ठ को पूरे शहर पर ध्यान देने की जरूरत है।
तंबाकू नियंत्रण प्रकोष्ठ ने अभियान शुरू किया है। अब किसी भी अवैध हुक्का बार या अवैध रूप से तंबाकू से बने नशीले पदार्थों की बिक्री नहीं होने दी जाएगी। यदि किसी के पास ऐसी कोई सूचना है तो वह हमें सीधे अवगत करा सकता है। सूचना पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही शिकायतकर्ता की पहचान को पूरी तरह से गुप्त रखा जाएगा।
- डॉ. एके त्रिपाठी, नोडल अधिकारी।