सहारनपुर के गंगोह में एक बैंक कर्मचारी द्वारा ग्राहक के खाते में 4.35 लाख रुपये जमा करा कर और फिर निकालने का मामला प्रकाश में आया है। मालूमात करने पर ग्राहक के साथ अभद्रता और झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी भी दी गई। पीड़ित ने कोतवाली में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है।
गांव खेरसाल निवासी मांगेराम ने कोतवाली में दी तहरीर में बताया कि सोमवार करीब 11 बजे गांव महंगी स्थित एक बैंक शाखा में कार्यरत कर्मचारी उसके घर आया।
कर्मचारी ने उसे बताया कि इस समय बैंक में लोन में छूट के लिए स्कीम आई हुई है। तुम अपनी बैंक की पासबुक लेकर बैंक आ जाना, हम तुम्हारे लोन में छूट करा देंगे। वह 12 बजे पासबुक लेकर बैंक पहुंच गया।
कर्मचारी ने उससे पासबुक ले ली। आरोप है कि कर्मचारी ने केवल एंट्री कर पासबुक उसके हवाले कर दी और उसे घर वापस जाने के लिए कहा। पासबुक में हुई एंट्री देखकर वह दंग रह गया।
उसमें 31 दिसंबर 2016 को 4 लाख 35 हजार रुपये जमा होने और दो जनवरी 2017 को यह रकम वापस निकाले जाने की एंट्री थी। इस बारे पूछताछ किए जाने पर कर्मचारी ने उससे चुपचाप वहां चले जाने को कहा।
विरोध करने पर अभद्र व्यवहार करते हुए मारपीट पर उतारू हो गया और उसे झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देने लगा। यहीं नहीं, उसे बैंक से धक्के देकर बाहर निकाल दिया गया। पीड़ित ने संबंधित तीतरो कोतवाली में तहरीर देते हुए मामले की जांच करने एवं आरोपी बैंक कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है।