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छात्र के अपहरण का प्रयास

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गंगोह (सहारनपुर)। वैन सवार चार नकाबपोश बदमाशों ने कालेज जा रहे कक्षा 11 के छात्र के अपहरण का प्रयास किया। छात्र के शोर मचाने पर राहगीरों को आता देख बदमाश फरार हो गए। बदहवास छात्र ने घर पहुंचकर परिजनों को बताया तो उनके होश उड़ गए। परिजन कोतवाली पहुंचे और कार्रवाई की मांग की। छात्र के 24 वर्षीय बड़े भाई का भी पिछले 18 दिन से कोई अता-पता नहीं है।
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गांव लखनौती निवासी बिशम्भर का पुत्र रवि नगर के एच आर इंटर कालेज में कक्षा 11 का छात्र है। सोमवार सुबह करीब साढे़ सात बजे वह साइकिल से कालेज जा रहा था। जैसे ही वह गणेश शंकर विद्यार्थी चौक पर पहुंचा तभी पीछे से आई एक वैन में सवार चार नकाबपोश बदमाशों ने उसे रोक लिया। छात्र के अनुसार बदमाश उसे वैन में खींचने का प्रयास करने लगे। विरोध करने पर उसके साथ डंडों से मारपीट की। खींचतान में उसके कपड़े भी फट गए। उसने शोर मचाया तो उधर से गुजर रहे एक वाहन में सवार यात्रियों ने बदमाशों को ललकारा। लोगों को आता देख बदमाश फरार हो गए। इस दौरान छात्र का बैग और परिचय पत्र बदमाशों के हाथों में ही रह गया। बदहवास छात्र ने घर पहुंच कर परिजनों को इस बारे में बताया तो उनके होश फाख्ता हो गए। इसके बाद परिजन और अन्य ग्रामीण कोतवाली पहुंचे और मामले की तहरीर देकर जांच एवं कार्रवाई की मांग की। कोतवाली पहुंचने वालों में पीड़ित छात्र की माता पुष्पा के अलावा राजपाल, ओमपाल, महावीर, चमन, राजेश, कैलाश, मुन्नी, मंजू, शरबती, रानी, बबली, शिक्षा, अनीता, सोनिया आदि रहे।
10 दिन से लापता है बड़ा पुत्र
गंगोह। पीड़ित छात्र की माता पुष्पा ने रोते हुए बताया कि उसका बड़ा पुत्र मनोज करीब 18 दिन पूर्व अपने एक साथी के साथ नानौता के ओलरा निवासी अपने मामा के यहां जाने की बात कहकर घर से गया था। इसके बाद वह वहां नहीं पहुंचा। करीब चार दिन बाद उन्हें पता चला कि उसके पुत्र एवं साथी को गंगोह पुलिस ने किसी मामले में पकड़ कर जेल भेज दिया था। जब वह जेल में पुत्र से मिलने गए तो वहां उन्हें उससे मिलने नहीं दिया। उन्होंने पुत्र की जमानत कराई तो अधिकारियों ने उन्हें अगले दिन आने के लिए कहा। अगले दिन जब वह वहां गए तो उन्हें बताया गया कि मनोज को तो सुबह ही रिहा कर दिया गया था। उन्होंने सोचा कि मनोज घर पहुंच गया होगा परंतु जमानत के 10 दिन बाद भी मनोज घर नहीं पहुंचा। परिजन उसकी तलाश में दर-दर की ठोकरें खा रहे थे कि छोटे पुत्र के अपहरण के प्रयास से उनमें दहशत व्याप्त हो गई है।
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