जड़ौदा जट्ट के जंगल में पड़ा मिला व्यक्ति का शव
देवबंद (सहारनपुर)। सहारनपुर मुजफ्फरनगर मार्ग से सटे जड़ौदा जट्ट गांव के जंगल में एक व्यक्ति का सड़ा गला शव पड़ा मिला। पुलिस ने मौके पर जाकर शव को कब्जे में ले लिया। बाद में उसकी शिनाख्त डांडी थामना गांव निवासी महेंद्र के रुप में हुई है।
बृहस्पतिवार को पुलिस को जानकारी मिली कि जड़ौदा जट्ट गांव के जंगल में किसी व्यक्ति का शव पड़ा हुआ है। इस दौरान वहां ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई। जानकारी मिलने पर कोतवाल पंकज कुमार त्यागी भी टीम के साथ मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आसपास मौजूद लोगों से उसकी शिनाख्त के प्रयास किए तो वहां मौजूद रवि पुत्र सहेंद्र ने उसकी पहचान अपने चाचा महेंद्र के रुप में की। कोतवाल पंकज कुमार त्यागी के मुताबिक मृतक की उम्र करीब 42 वर्ष है। शव सड़ी गली हालत में मिला। जिसमें कीड़े चल रहे थे। देखने से लगा रहा था कि शव तीन से चार दिन पुराना है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया और मामले की जांच शुरू कर दी है।
महेंद्र की मौत हत्या या हादसा? उलझी पुलिस
देवबंद। जड़ौदा जट्ट के जंगल से शव मिलने का मामला उलझ गया है। मृतक महेंद्र के परिजनों के मुताबिक वह बुधवार रात से लापता था। जबकि शव की हालत देखकर साफ पता लगता है कि उसकी लाश लगभग चार-पांच दिन पुरानी है। कोतवाल पंकज कुमार त्यागी के मुताबिक महेंद्र की शिनाख्त करने वाले उसके भतीजे रवि ने बताया कि वह शराब का आदी था जो बुधवार की रात से लापता था। त्यागी के मुताबिक शव जिस हालत में मिला उसकी यह हालत एक रात में नहीं हो सकती। वहीं, बताया यह भी जा रहा है कि महेंद्र के गले पर रस्सी जैसा निशान बना हुआ है। आशंका यह भी जताई जा रही है कि कहीं उसकी हत्या कर शव जंगल में तो नहीं फेंका गया। पुलिस अब गंभीरता से पूरे मामले की जांच में जुट गई है।