सहारनपुर। कॉलेज जा रही बीकॉम की छात्रा के साथ बाइक सवार तीन युवकों ने छेड़छाड़ की। विरोध करने पर छात्रा पर चाकू से प्रहार कर दिया। छात्रा ने बचाव किया, तो उसके हाथ में चाकू लगा। मामले में अभी तहरीर नहीं दी गई है, लेकिन पुलिस जांच करने में लगी है।
रामपुर मनिहारान के एक ग्राम निवासी युवती सहारनपुर के एक कॉलेज में बीकॉम की छात्रा है। शुक्रवार को वह बस से सहारनपुर अपने कॉलेज आ रही थी। जब वह मल्हीपुर चौक पर बस से उतरी, तभी मोटरसाइकिल सवार तीन युवक उसके पास पहुंचे। आरोप है कि छात्रा से छेड़छाड़ की कोशिश की। छात्रा ने विरोध किया, तो एक युवक ने चाकू से छात्रा पर हमला कर दिया। छात्रा ने बचाव किया, तो चाकू उसके हाथ पर लगा। शोर मचाने पर आरोपी युवक छात्रा को धक्का देकर फरार हो गए। छात्रा जमीन में गिर पड़ी और सिर में भी चोट लगी।
शोर शराबा होने पर लोग इकट्ठा हुए और छात्रा को पास के डाक्टर के यहां ले जाकर उपचार कराया। वहीं, छात्र-छात्राओं ने कॉलेज प्राचार्य के पास पहुंचकर मामले की शिकायत की। सूचना मिलने पर छात्रा के परिजन भी कॉलेज पहुंच गए। बाद में एसपी सिटी प्रबल प्रताप सिंह, सीओ मुकेश मिश्रा और सदर बाजार कोतवाली पुलिस ने कॉलेज पहुंचकर घटना की जानकारी ली तथा आरोपियों की पहचान कराने का प्रयास किया।
दो दिन पूर्व भी की थी छेड़छाड़
छात्रा ने आरोप लगाया कि आरोपी छात्रों ने दो दिन पूर्व भी उसे परेशान किया था। उस समय उसने प्राचार्य एवं पुलिस से शिकायत करने की धमकी दी थी। उस समय तो आरोपी फरार हो गए थे। छात्रा ने बताया कि उसने इसकी जानकारी अपने परिजनों को भी दी थी।
दो आरोपियों की हुई पहचान
एसपी सिटी प्रबल प्रताप सिंह एवं सीओ मुकेश कुमार मिश्र ने छात्रा से काफी देर तक बात की। कॉलेज के अभिलेखों से फोटो दिखाकर आरोपियों की पहचान कराई। एसपी सिटी ने बताया कि छात्रा ने जिन दो चेहरों को पहचाना है, उनमें एक सहारनपुर का रहने वाला है, जबकि दूसरा शामली जिले का बताया गया है। छात्रा के परिजनों ने नामजद तहरीर दी है। हालांकि तहरीर में छेड़छाड़ का जिक्र नहीं है, लेकिन पूछताछ में छात्रा और उसके परिजनों ने आरोपी युवकों पर पीछा करने और परेशान करने का आरोप लगाया है। वहीं, कॉलेज प्राचार्य ने कहा कि आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। कॉलेज में अनुशासनहीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
आखिर कहां थी पुलिस
मल्हीपुर चौराहे पर पुलिस पिकेट रहती है। साथ ही कॉलेज के पास एंटी रोमियो स्क्वॉड भी लगाई जाती है, लेकिन आरोपियों ने जब छात्रा पर हमला किया, तो आसपास पुलिसकर्मियों का पता तक नहीं था। यदि पुलिसकर्मी वहां होते, तो शायद आरोपियों को मौके से ही पकड़ा जा सकता था।