सहारनपुर। मंडलायुक्त डॉ. हृषिकेश भास्कर यशोद ने कहा कि वास्तविक सांख्यिकीय आंकड़े होने पर ही विकास की बेहतर योजनाएं बन सकती हैं। प्रदेश की कुल जीडीपी में सहारनपुर 14वें स्थान पर है। बिना किसी संकोच के सांख्यिकीय आंकड़े उपलब्ध कराए जाए।
प्रदेश की अर्थव्यवस्था को वन ट्रिलियन डॉलर बनाने के लिए विकास भवन में सांख्यिकीय आंकड़ों के संग्रहण के लिए संवेदीकरण कार्यशाला हुई। मंडलायुक्त डॉ. हृषिकेश भास्कर यशोद ने कहा कि मंडल भर में विभिन्न ट्रेड्स की तमाम इकाइयां कार्य कर रही हैं, लेकिन उनकी संख्या, वेतन, वार्षिक आय और सांख्यिकीय आंकड़े सरकार के पास उपलब्ध नहीं हैं। जिसका प्रभाव सीधे तौर पर जनपदों की जीडीपी पर पड़ता है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक छोटी-बड़ी इकाई शुद्ध आंकड़े जुटाने में अपना सहयोग प्रदान करें।
जिलाधिकारी डॉ. दिनेश चंद्र ने कहा कि आंकड़ों की शुद्धता अर्थव्यवस्था को बढ़ा सकती है। जिले में सभी विभाग डाटा के शुद्धता के दृष्टिगत लोगों को जागरूक करें। डाटा की शुद्धता समृद्धि और समरसता को बढ़ाती है।
इस मौके पर सीडीओ विजय कुमार, संयुक्त आयुक्त उद्योग अंजू रानी, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी अमित कुमार, आईआईए चैप्टर चेयरमैन अनूप खन्ना, लघु उद्योग भारती जिलाध्यक्ष अनुपम गुप्ता, सीआईएस अध्यक्ष रविंद्र मिगलानी, प्रताप सिंह, सतेंद्र, रोहित पालीवाल आदि मौजूद रहे।