सहारनपुर। जनपद में टीबी मरीजों को ढूंढने के लिए 20 फरवरी से सक्रिय टीबी खोज अभियान चलेगा। दो चरणों में चलने वाले अभियान के लिए 275 टीमें गठित की गई हैं। इस अभियान का उद्देश्य समुदाय में क्षय रोगियों को चिन्हित किया जाएगा। इस दौरान चिह्नित मरीजों का इलाज शुरू होगा।
वर्ष 2025 तक टीबी रोग से मुक्त भारत बनाने का लक्ष्य है। इसको लेकर शासन स्तर से जोर दिया जा रहा है। जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. सर्वेश कुमार सिंह ने बताया कि 20 फरवरी से पांच मार्च तक सक्रिय टीबी खोज अभियान चलाया जाएगा। पहला चरण 20 से 23 फरवरी और दूसरा चरण 24 फरवरी से पांच मार्च चलेगा। पहले चरण में जनपद के वृद्धाश्रम, नारी निकेतन, अनाथलाय, बाल संरक्षण गृह, मदरसा, कारागार, चिन्हित समूह, ईंट-भट्टे पर मरीजों को चिन्हित किया जाएगा। दूसरे चरण में टीबी मरीजों की खोज के लिए आशा कार्यकर्ता और आंगनबाड़ी घर-घर दस्तक दी जाएगी। उन्होंने बताया कि अभियान में महानगर के अलावा गंगोह, सरसावा, हरौड़ा, नानौता, देवबंद और सढ़ौली कदीम क्षेत्र को लिया है। 275 टीमें गठित की गई हैं। एक टीम में तीन स्वास्थ्य कर्मी रहेंगे। जनपद में वर्तमान में करीब 5700 टीबी मरीज हैं।