सहारनपुर। विनोद विहार में सड़क का करीब 30 फुट हिस्सा धंसने से पार्षद और मौके पर काम कर रहे मजदूरों सहित पांच लोग चपेट में आने से घायल हो गए। घायलों को तुरंत एंबुलेंस के जरिए अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनकी हालत खतरे से बाहर बताई गई है। सूचना मिलते ही अधिकारियों में हड़कंप मच गया। सिटी मजिस्ट्रेट और निगम अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर घटना की जायजा लिया। इस दौरान नगर निगम के खिलाफ नारेबाजी भी हुई।
स्थानीय लोगों ने बताया कि करीब एक वर्ष पहले कॉलोनी में करीब 20 फीट गहरी सीवर लाइन डाली गई थी। उसके बाद कार्यदायी संस्था ने आरसीसी की सड़क बना दी थी। लेकिन बीते तीन महीने से काॅलोनी में पेयजल की समस्या बनी हुई थी। रविवार को जलकल विभाग की टीम लीकेज देखने के लिए पहुंची थी। मजदूरों ने ड्रिल मशीन से सड़क को काटने का प्रयास किया। जिस समय ड्रिल मशीन से सड़क को खोदा जा रहा था। उसी दौरान अचानक भरभराकर सड़क का करीब 20 से 30 फुट लंबा हिस्सा आठ से दस फुट धंस गया।
स्थानीय पार्षद सुधीर पंवार, तीन मजदूर और एक स्थानीय महिला निर्मल कौशिक भी सड़क के साथ गड्ढे में जा गिरे। उन्हें बमुश्किल स्थानीय लोगों ने बाहर निकाला। पांचों को जिला अस्पताल ले जाया गया। घटना की सूचना मिलते ही सांसद इमरान मसूदए महापौर डॉ. अजय कुमार, सिटी मजिस्ट्रेट गजेंद्र कुमार, जलकल विभाग के महाप्रबंधक एवं निगम के निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता बीके सिंह मौके पर पहुंचे।
इस मौके पर स्थानीय लोगों ने नगर निगम के खिलाफ नारेबाजी भी की। पूर्व सांसद राघव लखनपाल शर्मा ने जिला अस्पताल पहुंचकर घायलों का हाल जाना। उपचार के बाद पांचों को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
- मकानों को खतरा
सड़क मकानों की नींव तक धंसी है। निर्मल कौशिक के मकान के दरवाजे पर बनी सीढि़यां भी सड़क के साथ ध्वस्त हुईं हैं। निर्मल कौशिक के साथ ही आसपास के कई मकानों को खतरा बना हुआ है, जिसे लेकर स्थानीय लोग दहशत में हैं। निगम ने सड़क के गड्ढे को भरने के लिए मौके पर मिट्टी भेजी है।
- वर्जन : सीवर लाइन एक साल से अधिक समय से डली हुई है। तीन महीने से पेयजल की लाइन लीक थी, जिसका पानी जमीन में रिसता रहा। उसी की वजह से सड़क के नीचे का हिस्सा खोखला हुआ और ड्रिल करते हुए सड़क धंस गई। सीवर लाइन पूरी तरह दुरुस्त है, जिसको डालने में कोई लापरवाही नहीं बरती गई है। - रुचिन यादव, अधिशासी अभियंता, जल निगम।
- वर्जन : सीवर लाइन डालने के बाद सड़क की मरम्मत संबंधित कार्यदायी संस्था द्वारा की गई। पानी रिसने से तभी जमीन धंस सकती है, जब उसकी भराई ठीक से नहीं की गई हो। सीवर डालने के बाद गड्ढों की भराई ठीक से नहीं की गई, जिसकी वजह से सड़क धंसी है। - बीके सिंह, महाप्रबंधक, जलकल अनुभाग।
- विनोद विहार में सड़क बैठने की घटना में चार से पांच लोग घायल हुए हैं। जिनको उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई है। किन कारणों से सड़क बैठी है इसके लिए मुख्य अभियंता की अध्यक्षता में समिति गठित कर दी गई है। - डॉ. अजय कुमार, महापौर