सहारनपुर। स्मार्ट सिटी येजना की करीब 75 परियोजनाएं अभी अधूरी हैं। चार साल में मात्र 27 परियोजनाएं ही पूरी हो सकी हैं। फिलहाल जिन परियोजनाओं पर काम चल रहा है। उन्हें लोकसभा चुनाव से पहले पूर्ण करने का लक्ष्य है, जिससे आचार संहिता लगने से पहले लोकार्पण कराया जा सके, लेकिन जल्दबाजी के कारण कई परियोजनाओं क कार्य गुणवत्ता खो रहा है। दो दिन पहले मंडलायुक्त भी निरीक्षण के दौरान स्मार्ट सिटी योजना के तहत चल रहे कार्यों के घटिया बता चुके हैं।
योजना के तहत महानगर में सबसे बड़ा कार्य स्मार्ट रोड बनाने का है, जिसकी कुल लंबाई 23 किलोमीटर है, लेकिन अभी तक घंटाघर से कोर्ट रोड पुल, रेलवे रोड और जीपीओ रोड का कार्य ही पूर्ण हो सका है। कुछ जगहों पर कार्य चल रहा है जैसे चिलकाना रोड और सब्जी मंडी रोड आदि। लेकिन ज्यादातर सड़कों पर अभी काम ही शुरू नहीं हुआ है। विद्युतीकरण का कार्य भी लटका हुआ है। जीपीओ रोड के फुटपाथ पर महीनों से रखे ट्रांसफार्मर इसका बेहतर उदाहरण हैं, जिनको महानगर में अलग अलग स्मार्ट रोड पर स्थापित किया जाना है।
अंबाला रोड पर बन रहे मल्टी स्टोरी भवन का कार्य अभी 20 फीसदी भी नहीं हुआ है। डॉ. आंबेडकर स्पोर्ट्स स्टेडियम की कई परियोजनाओं का कार्य पूर्ण होने को है, जबकि कुछ का कार्य बेहद घटिया मिला है, जिस पर मंडलायुक्त ने दो दिन पहले ही संबंधित अधिकारियों को फटकार लगाई है। जनमंच की बगल में कनवेंशन हॉल का कार्य अभी 50 फीसदी ही हुआ है। इसी प्रकार मानकमऊ में इलेक्ट्रिक बसों के चार्जिंग स्टेशन का कार्य भी अधूरा है। नगर निगम परिसर में बन रहे भवन का कार्य भी अभी 60 फीसदी ही पूर्ण हो सका है।
पूर्ण हो चुकी प्रमुख परियोजनाएं
जो परियोजनाएं पूर्ण हो चुकी हैं। उनमें प्रमुख रूप से पांवधोई नदी के दो पुल, स्टेडियम की चहारदीवारी, कूड़ा उठाने की मशीनें खरीदी, बास्केटबॉल हॉल, बैडमिंटन कोर्ट, योगा मंच, हेल्थ एटीएम, लाइब्रेरी, वेट ट्रेनिंग सेंटर, सोलर लाइट, विज्ञान एलईडी स्क्रीन, जीपीओ, रेलवे रोड के स्मार्ट रोड बनाने का कार्य, कोर्ट रोड पुल का जीर्णोद्धार, मेला गुघाल स्थित के कार्य आदि शामिल हैं।
स्मार्ट सिटी योजना की 27 परियोजनाएं पहले पूर्ण हो चुकी हैं। 20 परियोजनाएं दिसंबर 2023 में पूर्ण हो जाएंगी। शेष परियोजनाओं पर काम तेजी से चल रहा है। इनमें से ज्यादातर परियोजनाएं चुनाव से पहले पूर्ण करने की योजना है, जिससे आचार संहिता लगने से पहले उनको जनता को समर्पित किया जा सके।
- अमरेंद्र गौतम, अधिशासी अभियंता, स्मार्ट सिटी सहारनपुर