सहारनपुर। आत्मानुभवी महाराज ने कहा कि मन की अपंगता अज्ञानता, मोह और अंधविश्वास को जन्म देती है। मनुष्य को मन से अपंग नहीं होना चाहिए।
गिल कॉलोनी में चल रही श्रीमद्भागवत कथा में आत्मानुभवी महाराज ने कहा कि परमात्मा की शक्ति हम सबको जीवित रखकर हमारा पालन पोषण करते हुए समूचे ब्रह्मांड को गतिशील रखती है। धार्मिक संकल्प सिद्घि से ही मनुष्य कौवे की वृत्ति से हंस की वृत्ति वाला बन सकता है। केशोराम शर्मा, अशोक सक्सेना, मोहन, डा. राजेश, हरपाल सिंह, पूनम, कविता, अनुराधा, किरण, सुमन, बबीता मौजूद रहे।