रामपुर। दस हजार रुपये की रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार जल निगम के अवर अभियंता को पुलिस ने जेल भेज दिया। जेई को बरेली जेल भेजा गया है।
ग्राम परचई निवासी श्रीकांत ने एंटी करप्शन मुरादाबाद से शिकायत की थी कि उसने स्वार क्षेत्र में टंकी निर्माण के दौरान कुछ लेबर लगाई थी। इसके बिल का भुगतान दो माह से लटका हुआ है। अवर अभियंता (जेई) विजेन्द्र दस हजार रुपये की मांग कर रहा है। रिश्वत न देने पर भुगतान न देने की बात कही जा रही है। इससे वह परेशान है। इस पर एंटी करप्शन के अधिकारियों ने शिकायतकर्ता से संपर्क स्थापित किया, जहां से गुरुवार मुरसैना चौराहे से जेई को दस हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद जेई को अजीमनगर थाने में बंद कर दिया था। शुक्रवार को जेई को बरेली जेल भेज दिया।